सीहोर में गर्मी का प्रकोप, तापमान 42 डिग्री पर स्थिर, स्वास्थ्य विभाग सतर्क
सीहोर में गर्मी का प्रकोप बढ़ा, तापमान 42 डिग्री सेल्सियस पर स्थिर, जनजीवन प्रभावित। स्वास्थ्य विभाग ने लू से बचाव के लिए अस्पतालों में विशेष व्यवस्था और एडवाइजरी जारी की। मौसम विशेषज्ञों ने गर्म हवाओं और मौसमी बीमारियों के खतरे की चेतावनी दी।
सीहोर: मध्य प्रदेश के सीहोर शहर में इन दिनों गर्मी अपने चरम पर है। सूरज की तीखी किरणें सुबह से ही लोगों को परेशान कर रही हैं, और दोपहर होते-होते सड़कें सूनी पड़ रही हैं। पिछले तीन दिनों से अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। गर्म हवाओं के साथ तेज धूप ने लोगों का घरों से निकलना मुश्किल कर दिया है।
मौसम विशेषज्ञ की चेतावनी
आरएके कृषि महाविद्यालय के मौसम विज्ञानी डॉ. एसएस तोमर के अनुसार, वर्तमान में हवा की गति 10-12 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की जा रही है। गर्म हवाओं का दौर शुरू होने से तापमान में और इजाफा हो सकता है। डॉ. तोमर ने बताया कि यदि अगले कुछ दिनों तक ऐसा ही मौसम रहा, तो मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। उन्होंने लोगों से दोपहर के समय घरों में रहने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी है।
स्वास्थ्य विभाग ने कसी कमर
बढ़ती गर्मी और लू के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. सुधीर डेहरिया ने बताया कि जिला अस्पताल और सिविल अस्पताल में लू से प्रभावित मरीजों के लिए 5-5 बेड की विशेष व्यवस्था की गई है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में 2-2 बेड आरक्षित किए गए हैं। इसके अलावा, अस्पतालों में ठंडे पानी और मरीजों के लिए आरामदायक बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
लू से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को गर्मी से बचने के लिए जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए हैं। डॉ. डेहरिया ने सलाह दी है कि लोग हल्के और सूती कपड़े पहनें, धूप में निकलते समय सनस्क्रीन का उपयोग करें और हमेशा पानी की बोतल साथ रखें। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि धूप से आने के तुरंत बाद ठंडा पानी पीने से बचें, क्योंकि इससे शरीर को नुकसान हो सकता है। त्वचा को साफ और सूखा रखने से संक्रमण का खतरा कम होगा। कूलर या पंखे का उपयोग कर शरीर के तापमान को नियंत्रित करने की भी सलाह दी गई है।
लोगों में बढ़ रही सतर्कता
शहरवासियों ने भी गर्मी से बचाव के लिए सावधानी बरतनी शुरू कर दी है। स्थानीय निवासी रमेश सोलंकी ने बताया, "दोपहर में बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। हम कोशिश करते हैं कि जरूरी काम सुबह या शाम को ही निपटा लें।" वहीं, गृहिणी शालिनी वर्मा ने कहा कि वे अपने बच्चों को धूप में खेलने से रोक रही हैं और घर में ठंडे पानी का इंतजाम रखती हैं।
आने वाले दिनों में और सतर्कता जरूरी
मौसम विशेषज्ञों और स्वास्थ्य विभाग की सलाह के मद्देनजर लोगों को अगले कुछ दिनों तक विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। गर्मी का यह दौर न केवल असहजता बढ़ा रहा है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी जोखिम पैदा कर रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने अपील की है कि कोई भी लू या गर्मी से संबंधित लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी अस्पताल में संपर्क करें।
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