प्रमोशन मिला, CMO की कुर्सी नहीं:63 अफसरों को 3 महीने से पोस्टिंग नहीं, फाइल मंत्रालय में अटकी; वजह-नेता नहीं चाहते प्रभारी की व्यवस्था बदले
हेडलाइन: प्रमोशन के बाद भी CMO की कुर्सी से दूर 63 अफसर: 3 महीने से पोस्टिंग का इंतजार, मंत्रालय में अटकी फाइल; प्रभारी व्यवस्था बदलने पर सहमति नहीं
मध्य प्रदेश में मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) के पद पर प्रमोशन पाने वाले 63 अफसर पिछले करीब 3 महीने से नई पोस्टिंग का इंतजार कर रहे हैं। प्रमोशन मिलने के बावजूद इन अधिकारियों को अब तक पदस्थापना नहीं मिली है। बताया जा रहा है कि पोस्टिंग से जुड़ी फाइल मंत्रालय में अटकी हुई है। इसके चलते कई अधिकारियों को नई जिम्मेदारी मिलने के बाद भी काम करने का मौका नहीं मिल पा रहा है।
प्रमोशन मिला, लेकिन पदस्थापना का इंतजार
मामले में एक अधिकारी का दर्द भी सामने आया है। उन्होंने कहा कि 30 साल बाद प्रमोशन मिला, लेकिन CMO के पद पर रहने के बावजूद उन्हें कुर्सी पर बैठने का मौका नहीं मिला। अधिकारी के मुताबिक, करीब 1 महीने 19 दिन तक CMO रहने के बावजूद वह अपनी जिम्मेदारी का पूरा निर्वहन नहीं कर सके। इस स्थिति को लेकर अधिकारियों में नाराजगी और निराशा की बात सामने आ रही है।
मंत्रालय में अटकी फाइल, प्रभारी व्यवस्था पर सवाल
रिपोर्ट के मुताबिक, पोस्टिंग में देरी की एक वजह मौजूदा प्रभारी व्यवस्था को लेकर राजनीतिक सहमति नहीं बन पाना बताई जा रही है। आरोप है कि कुछ नेता नहीं चाहते कि मौजूदा व्यवस्था में बदलाव हो। हालांकि, इस मामले में संबंधित विभाग या सरकार की ओर से आधिकारिक स्पष्टीकरण की जानकारी उपलब्ध नहीं है।
पोस्टिंग में देरी से प्रशासनिक कामकाज पर असर
प्रमोशन के बाद भी पदस्थापना नहीं होने से अधिकारियों की नई जिम्मेदारियां शुरू नहीं हो पा रही हैं। अब निगाहें मंत्रालय में लंबित फाइल पर हैं। यदि जल्द निर्णय नहीं होता, तो इन अधिकारियों को नई पोस्टिंग के लिए और इंतजार करना पड़ सकता है।
news desk MPcg