भरतपुर में साइबर ठगी से सावधान: फर्जी शॉपिंग साइट और भारी डिस्काउंट के नाम पर लोगों को बना रहे निशाना

 भरतपुर में साइबर ठगी से सावधान: फर्जी शॉपिंग साइट और भारी डिस्काउंट के नाम पर लोगों को बना रहे निशाना

भरतपुर।** त्योहारों का सीजन शुरू होते ही ऑनलाइन शॉपिंग का चलन बढ़ गया है। कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स, मोबाइल, घरेलू सामान और गिफ्ट खरीदने के लिए बड़ी संख्या में लोग ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसी का फायदा उठाकर साइबर ठग भी सक्रिय हो गए हैं। ठग लोगों को भारी डिस्काउंट और आकर्षक ऑफर का लालच देकर फर्जी शॉपिंग वेबसाइट और नकली लिंक के जरिए साइबर ठगी को अंजाम देने की कोशिश कर रहे हैं। इस बढ़ते खतरे को देखते हुए भरतपुर पुलिस ने लोगों के लिए एडवाइजरी जारी कर ऑनलाइन खरीदारी के दौरान सतर्क रहने की अपील की है।

 ज्यादा डिस्काउंट का लालच देकर बिछाया जा रहा ठगी का जाल

त्योहारों के दौरान ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट पर कई तरह के ऑफर और सेल देखने को मिलते हैं। साइबर अपराधी इसी माहौल का फायदा उठाकर असली वेबसाइट जैसी दिखने वाली नकली वेबसाइट तैयार कर लेते हैं। इन वेबसाइट पर महंगे सामान को बेहद कम कीमत पर बेचने का दावा किया जाता है, ताकि ग्राहक बिना ज्यादा जांच-पड़ताल किए खरीदारी कर लें।

ठग सोशल मीडिया, मैसेजिंग ऐप और एसएमएस के जरिए भी आकर्षक ऑफर वाले लिंक भेज सकते हैं। इन लिंक पर क्लिक करने के बाद ग्राहक फर्जी वेबसाइट पर पहुंच जाते हैं, जहां उनसे नाम, मोबाइल नंबर, बैंक खाते से जुड़ी जानकारी, कार्ड डिटेल और अन्य संवेदनशील जानकारियां मांगी जा सकती हैं। कई मामलों में भुगतान करने के बाद भी ग्राहकों को सामान नहीं मिलता और उनकी रकम ठगों के पास चली जाती है।

निजी और बैंकिंग जानकारी पर रहता है साइबर ठगों का निशाना

फर्जी शॉपिंग वेबसाइट का उद्देश्य केवल पैसे ऐंठना ही नहीं, बल्कि ग्राहकों की निजी और वित्तीय जानकारी हासिल करना भी हो सकता है। ठग नकली पेमेंट पेज के जरिए कार्ड नंबर, सीवीवी, ओटीपी और अन्य गोपनीय जानकारियां हासिल करने की कोशिश करते हैं। इन जानकारियों का गलत इस्तेमाल कर बैंक खाते से रकम निकालने या अन्य वित्तीय धोखाधड़ी को अंजाम देने का खतरा रहता है।

कई बार ठग ग्राहकों को सीमित समय में ऑफर खत्म होने का डर दिखाते हैं। ऐसे में लोग जल्दबाजी में वेबसाइट की प्रामाणिकता जांचे बिना भुगतान कर देते हैं। पुलिस ने लोगों को सलाह दी है कि किसी भी आकर्षक ऑफर को देखकर तुरंत भरोसा न करें और खरीदारी से पहले वेबसाइट की विश्वसनीयता की जांच जरूर करें।

 भरतपुर पुलिस ने जारी की एडवाइजरी, ऑनलाइन खरीदारी में बरतें सावधानी

त्योहारों के दौरान साइबर ठगी की आशंका को देखते हुए भरतपुर पुलिस ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। ऑनलाइन खरीदारी करते समय केवल भरोसेमंद और आधिकारिक वेबसाइट या ऐप का इस्तेमाल करना चाहिए। किसी अनजान व्यक्ति की ओर से भेजे गए लिंक पर क्लिक करने या सोशल मीडिया पर दिखाई देने वाले संदिग्ध विज्ञापनों के जरिए खरीदारी करने से बचना चाहिए।

पुलिस की एडवाइजरी के मद्देनजर लोगों को यह भी ध्यान रखना चाहिए कि किसी वेबसाइट पर बहुत कम कीमत में महंगे उत्पाद मिलने का दावा किया जा रहा हो, तो उसकी अच्छी तरह जांच करें। वेबसाइट का नाम, वेब एड्रेस, संपर्क विवरण, रिटर्न पॉलिसी और भुगतान की प्रक्रिया देखना जरूरी है। केवल वेबसाइट की आकर्षक डिजाइन या बड़े डिस्काउंट को देखकर उसे असली नहीं मानना चाहिए।

 ऑनलाइन शॉपिंग करते समय इन बातों का रखें ध्यान

साइबर ठगी से बचने के लिए ऑनलाइन खरीदारी करते समय कुछ जरूरी सावधानियां अपनाई जा सकती हैं।

आधिकारिक वेबसाइट या ऐप का इस्तेमाल करें:** खरीदारी करने से पहले कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप की पुष्टि करें।
अनजान लिंक से बचें:** व्हाट्सऐप, एसएमएस, ईमेल या सोशल मीडिया पर आए संदिग्ध शॉपिंग लिंक को खोलने से बचें।
भारी डिस्काउंट की जांच करें:** बाजार कीमत से बहुत कम दाम पर सामान मिलने का दावा हो तो सावधान रहें।
ओटीपी और बैंकिंग जानकारी साझा न करें:** ओटीपी, यूपीआई पिन, कार्ड का सीवीवी और पासवर्ड किसी के साथ साझा न करें।
सुरक्षित भुगतान करें:** भुगतान से पहले वेबसाइट और पेमेंट पेज की प्रामाणिकता जांचें। पैसे प्राप्त करने के लिए यूपीआई पिन डालने की जरूरत नहीं होती।
संदिग्ध वेबसाइट पर जानकारी न भरें:** किसी अनजान साइट पर बैंक खाते, कार्ड या अन्य निजी जानकारी दर्ज करने से बचें।
ऑफर की पुष्टि करें:** किसी ब्रांड के नाम पर मिलने वाले ऑफर की जानकारी उसकी आधिकारिक वेबसाइट या ग्राहक सेवा से जांचें।

 ठगी होने पर तुरंत करें शिकायत

यदि कोई व्यक्ति फर्जी वेबसाइट के जरिए साइबर ठगी का शिकार हो जाता है, तो उसे बिना देरी किए अपने बैंक या संबंधित भुगतान सेवा प्रदाता से संपर्क करना चाहिए। इसके साथ ही साइबर अपराध की शिकायत दर्ज करानी चाहिए। भारत में साइबर वित्तीय धोखाधड़ी की शिकायत के लिए राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर **1930** पर संपर्क किया जा सकता है। ऑनलाइन शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल **cybercrime.gov.in** पर भी दर्ज कराई जा सकती है।

यदि किसी संदिग्ध लिंक पर बैंकिंग जानकारी साझा हो गई है, तो संबंधित बैंक को तुरंत सूचित करना, कार्ड या खाते की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाना और सभी संबंधित संदेशों व भुगतान के प्रमाण सुरक्षित रखना महत्वपूर्ण है।

 त्योहारों की खरीदारी में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव

त्योहारों के दौरान आकर्षक ऑफर और भारी डिस्काउंट ग्राहकों को ऑनलाइन खरीदारी के लिए आकर्षित करते हैं, लेकिन इसी दौरान साइबर अपराधी भी लोगों की लापरवाही का फायदा उठाने की कोशिश करते हैं। ऐसे में जरूरी है कि ग्राहक किसी भी ऑफर पर भरोसा करने से पहले उसकी सत्यता जांचें और जल्दबाजी में भुगतान न करें।

भरतपुर पुलिस की एडवाइजरी का उद्देश्य लोगों को ऑनलाइन ठगी के प्रति जागरूक करना और उनकी निजी व बैंकिंग जानकारी को सुरक्षित रखने के लिए सतर्क करना है। थोड़ी सी सावधानी से साइबर ठगी के खतरे को कम किया जा सकता है और त्योहारों की खुशियों को आर्थिक नुकसान से बचाया जा सकता है।