पुल बहा, रास्ता बंद और एक लापता: चमोली में तमक नाले के उफान से मचा हड़कंप

पुल बहा, रास्ता बंद और एक लापता: चमोली में तमक नाले के उफान से मचा हड़कंप

जोशीमठ के तमक नाला क्षेत्र में भारी पानी से मचा हड़कंप, एक व्यक्ति के बहने की सूचना; NDRF-SDRF की टीमें मौके के लिए रवाना

उत्तराखंड के चमोली जिले में भारी बारिश के बीच तमक नाला अचानक उफान पर आ गया। तेज बहाव के कारण जोशीमठ-मलारी मार्ग पर बना पुल पानी की चपेट में आकर बह गया। पुल के क्षतिग्रस्त होने के बाद मलारी से आगे सड़क संपर्क प्रभावित हो गया और इलाके में आवाजाही रोकनी पड़ी।

यह घटना 10 अगस्त की बताई जा रही है। हादसे के बाद प्रशासन और आपदा प्रबंधन तंत्र सक्रिय हो गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को सतर्क रहने और प्रभावित लोगों तक तत्काल सहायता पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। NDRF और SDRF की टीमें भी घटनास्थल के लिए रवाना की गई हैं।

तेज बहाव में बहा पुल

भारी बारिश के बाद तमक नाले का जलस्तर तेजी से बढ़ा। पानी के तेज बहाव ने पुल को अपनी चपेट में ले लिया। इसके बाद मलारी की ओर जाने वाला रास्ता बाधित हो गया।

Times of India की रिपोर्ट के मुताबिक, पुल तेज पानी के बहाव में बह गया और इस वजह से क्षेत्र में यातायात प्रभावित हुआ। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पानी के तेज बहाव के बीच पुल के क्षतिग्रस्त होने की स्थिति दिखाई गई।

एक व्यक्ति के बहने की सूचना

घटना को लेकर सामने आई ताजा रिपोर्टों में एक व्यक्ति के बहने की सूचना दी गई है। नवभारत टाइम्स के अनुसार, तमक नाला वैली में पुल बहने के दौरान एक व्यक्ति पानी की तेज धारा में बह गया। उसके बारे में जानकारी जुटाने और राहत-बचाव के लिए आपदा प्रबंधन की टीमें सक्रिय की गई हैं।

इसलिए फिलहाल यह कहना सही नहीं होगा कि घटना में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है। एक व्यक्ति के बहने की सूचना की पुष्टि रिपोर्टों में की गई है।

NDRF और SDRF को भेजा गया

हादसे की गंभीरता को देखते हुए NDRF और SDRF की टीमें घटनास्थल के लिए रवाना की गई हैं। पुलिस और प्रशासन की टीमें भी मौके पर पहुंचकर स्थिति पर नजर रख रही हैं।

प्रशासन की प्राथमिकता प्रभावित इलाके में फंसे लोगों तक मदद पहुंचाना और सड़क संपर्क को सुरक्षित तरीके से बहाल करना है।

मलारी की ओर यातायात रोका गया

पुल बहने के बाद मलारी की ओर यातायात को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। पुल के क्षतिग्रस्त होने से स्थानीय लोगों और इस सामरिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र की आवाजाही प्रभावित हुई है।

तमक नाला का क्षेत्र जोशीमठ-मलारी मार्ग पर स्थित है और यह मार्ग आगे नीति घाटी की ओर जाता है। ऐसे में पुल के बहने से स्थानीय संपर्क के साथ रणनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण सड़क प्रभावित हुई है।

मुख्यमंत्री धामी ने लिया संज्ञान

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना का संज्ञान लेते हुए प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्र में राहत और बचाव कार्यों को प्राथमिकता देने तथा ग्रामीणों तक आवश्यक सहायता पहुंचाने को कहा है।

प्रशासन लगातार स्थिति की निगरानी कर रहा है। राहत और बचाव दलों की मौजूदगी के बीच अब नजर इस बात पर है कि तेज बहाव में बह गए व्यक्ति की तलाश कब तक पूरी होती है और मलारी मार्ग पर यातायात कब बहाल किया जा सकेगा।

बारिश के बीच बढ़ी चुनौती

चमोली और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ रहा है। ऐसे में प्रशासन के सामने सड़क संपर्क बनाए रखने और लोगों को सुरक्षित रखने की चुनौती बनी हुई है।

तमक नाले की यह घटना एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश के दौरान अचानक बढ़ने वाले जलस्तर और बुनियादी ढांचे पर पड़ने वाले दबाव को सामने लाती है। फिलहाल प्रशासन और आपदा राहत टीमें मौके पर सक्रिय हैं।