राजगढ़ में प्लॉट विवाद ने लिया हिंसक रूप, ASI ने लाइसेंसी बंदूक से की फायरिंग; 1 की मौत, 2 घायल

राजगढ़ में प्लॉट विवाद ने लिया हिंसक रूप, ASI ने लाइसेंसी बंदूक से की फायरिंग; 1 की मौत, 2 घायल

राजगढ़। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में जमीन के एक छोटे से प्लॉट को लेकर चल रहा विवाद रविवार को खूनी संघर्ष में बदल गया। तलेन थाना क्षेत्र के बिरालखेड़ी गांव में प्लॉट के विवाद के दौरान शुजालपुर में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक (ASI) दिलीप प्रजापति पर लाइसेंसी 12 बोर बंदूक से फायरिंग करने का आरोप है। गोलीबारी में तीन लोग घायल हुए, जिनमें से एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस ने ASI दिलीप प्रजापति और उसके भाई सुरेश को हिरासत में लिया है।

मृतक की पहचान दीपक मोहाबे के रूप में हुई है। वहीं मुकेश जाटव और सतीश जाटव गोली लगने से घायल हुए हैं। दोनों का इलाज कराया जा रहा है। पुलिस ने मौके से लाइसेंसी 12 बोर बंदूक भी बरामद की है।

30x30 के प्लॉट को लेकर चल रहा था विवाद

पुलिस के मुताबिक, बिरालखेड़ी गांव में मुकेश जाटव और एएसआई दिलीप प्रजापति के बीच करीब 30×30 फीट के एक प्लॉट को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि यह जमीन पहले गुलाब बाई के नाम पर थी।

मुकेश जाटव इस प्लॉट को खरीदना चाहता था, जबकि आरोप है कि एएसआई दिलीप प्रजापति ने जमीन पर कब्जा कर रखा था। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले भी विवाद की स्थिति बनी थी। रविवार को यही विवाद एक बार फिर बढ़ गया।

स्कूल के पास हुआ विवाद, फिर चली गोलियां

जानकारी के अनुसार, रविवार को मुकेश जाटव अपने दोस्त दीपक पिता कन्हैयालाल मोहाबे के साथ शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल के सामने चक्की के पास खड़ा था। इसी दौरान प्लॉट को लेकर दिलीप प्रजापति और मुकेश के बीच कहासुनी शुरू हो गई।

आरोप है कि विवाद बढ़ने के बाद दिलीप प्रजापति अपनी लाइसेंसी 12 बोर बंदूक लेकर मौके पर पहुंचा और फायरिंग कर दी। गोलीबारी से मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।

बीच-बचाव करने वाला भी हुआ घायल

फायरिंग में मुकेश जाटव और बीच-बचाव करने पहुंचे सतीश जाटव को गोली लगी। वहीं, घटना का वीडियो बनाने की कोशिश कर रहे दीपक मोहाबे भी गोली की चपेट में आ गए।

दीपक के सीने और कंधे में गोली लगी थी। गंभीर हालत में उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बन गया और पुलिस बल को मौके पर भेजा गया।

पुलिस पर भी फायरिंग की कोशिश का आरोप

घटना के बाद पुलिस टीम आरोपी एएसआई को पकड़ने पहुंची। इस दौरान पुलिस पर भी फायरिंग करने की कोशिश किए जाने का आरोप सामने आया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दिलीप प्रजापति और उसके भाई सुरेश को हिरासत में ले लिया।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से लाइसेंसी 12 बोर बंदूक बरामद कर ली है। अब यह भी जांच की जा रही है कि फायरिंग के दौरान कितने राउंड चलाए गए और हथियार से कितनी गोलियां चलीं।

पहले सेना में रह चुका है आरोपी ASI

बताया जा रहा है कि दिलीप प्रजापति पहले सेना में रह चुका है। रिटायरमेंट के बाद वह मध्य प्रदेश पुलिस में भर्ती हुआ और वर्तमान में शुजालपुर में एएसआई के पद पर पदस्थ था।

एक पुलिसकर्मी के खुद इस तरह की फायरिंग की घटना में आरोपी बनने के बाद मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है। पुलिस अब घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि विवाद किस बात से शुरू हुआ और फायरिंग की स्थिति कैसे बनी।

BNS और SC-ST एक्ट के तहत मामला दर्ज

एडिशनल एसपी केएल बंजारे के अनुसार, मामले में दिलीप प्रजापति और उसके भाई सुरेश को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के साथ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराओं में भी मामला दर्ज किया है।

पुलिस के मुताबिक मामले में BNS की धारा 296(बी), 103(1), 109(1), 3(5) तथा SC-ST एक्ट की धारा 3(1)(द), 3(1)(ध) और 3(2)(v) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।

जमीन विवाद में एक परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

एक छोटे से प्लॉट को लेकर शुरू हुआ विवाद अब एक युवक की मौत तक पहुंच गया है। दीपक मोहाबे की मौत के बाद उसके परिवार में मातम का माहौल है। वहीं दो अन्य घायलों का इलाज जारी है।

पुलिस अब घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और उपलब्ध वीडियो के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ रही है। यह भी जांच की जा रही है कि फायरिंग से पहले दोनों पक्षों के बीच क्या हुआ था और घटना में शामिल प्रत्येक व्यक्ति की क्या भूमिका रही।

फिलहाल आरोपी ASI और उसके भाई को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही घटना से जुड़े सभी तथ्य और फायरिंग की वास्तविक वजह पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।