तमिलनाडु CM विजय की पत्नी ने वापस ली तलाक की अर्जी: एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का लगाया था आरोप, 3 महीने बाद खत्म हुआ मामला
फरवरी 2026 में दाखिल की थी तलाक याचिका, फैमिली कोर्ट में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई पेशी; जज के सामने संगीता ने केस वापस लेने की दी जानकारी
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और अभिनेता से नेता बने विजय की निजी जिंदगी से जुड़े चर्चित तलाक मामले में नया मोड़ आया है। मुख्यमंत्री विजय की पत्नी संगीता सोरनालिंगम ने चेंगलपट्टू फैमिली कोर्ट में दाखिल अपनी तलाक याचिका वापस ले ली है।
शुक्रवार को हुई सुनवाई के दौरान संगीता वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत के सामने पेश हुईं। उन्होंने फैमिली कोर्ट की जज सुजाता को अपनी याचिका वापस लेने की जानकारी दी। इसके बाद अदालत ने करीब 15 मिनट तक उनसे बातचीत की और संतुष्ट होने के बाद तलाक की अर्जी वापस लेने की अनुमति दे दी। इसके साथ ही इस मामले की कानूनी प्रक्रिया समाप्त हो गई।
फरवरी 2026 में दाखिल हुई थी तलाक याचिका
संगीता ने इसी साल फरवरी 2026 में चेंगलपट्टू फैमिली कोर्ट में तलाक के लिए याचिका दाखिल की थी। याचिका में उन्होंने पति विजय पर वैवाहिक संबंधों में दूरी और कथित एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का आरोप लगाया था।
याचिका में दावा किया गया था कि अप्रैल 2021 के बाद से विजय के व्यवहार में बदलाव आया और वह भावनात्मक रूप से उनसे दूर हो गए। संगीता ने आरोप लगाया था कि पति के कथित संबंधों के कारण उन्हें मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा।
हालांकि, याचिका में किसी अभिनेत्री या अन्य व्यक्ति का नाम सार्वजनिक तौर पर नहीं लिया गया था।
बच्चों पर असर पड़ने का किया था दावा
रिपोर्ट्स के अनुसार, संगीता ने अपनी याचिका में यह भी कहा था कि पति-पत्नी के बीच पैदा हुए विवाद का असर उनके बच्चों पर पड़ा।
विजय और संगीता के दो बच्चे हैं। याचिका में कहा गया था कि परिवार से जुड़े विवादों के कारण उनके बेटे जेसन और बेटी दिव्या को भी सामाजिक असहजता का सामना करना पड़ा।
संगीता ने यह भी आरोप लगाया था कि साल 2021 के बाद विजय पारिवारिक जिम्मेदारियों से पीछे हटने लगे थे।
विजय और संगीता की शादी 1999 में हुई थी
मुख्यमंत्री विजय और संगीता सोरनालिंगम की शादी साल 1999 में हुई थी। संगीता श्रीलंकाई मूल की बताई जाती हैं।
विजय ने फिल्मों में लंबे समय तक सफल करियर बनाने के बाद राजनीति में कदम रखा। उनकी पार्टी के जरिए उन्होंने तमिलनाडु की राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई और साल 2026 में मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
विजय ने 10 मई 2026 को तमिलनाडु के मुख्यमंत्री के रूप में पदभार संभाला था।
चुनाव से पहले चर्चा में आया था तलाक मामला
विजय और संगीता के तलाक का मामला तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के दौरान काफी चर्चा में रहा था। कानूनी प्रक्रिया 26 फरवरी 2026 से शुरू हुई थी।
इसके बाद सुनवाई को 20 अप्रैल तक टाल दिया गया था। यह तारीख विधानसभा चुनाव से कुछ दिन पहले की थी, जिसके कारण राजनीतिक गलियारों में भी इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई थी।
हालांकि, अब संगीता द्वारा याचिका वापस लेने के बाद यह विवाद कानूनी रूप से समाप्त हो गया है।
अभिनेत्री तृषा के साथ रिश्ते की अफवाहें भी रहीं चर्चा में
विजय का नाम लंबे समय से दक्षिण भारतीय अभिनेत्री तृषा कृष्णन के साथ जोड़ा जाता रहा है। सोशल मीडिया और मीडिया रिपोर्ट्स में दोनों के रिश्ते को लेकर कई तरह की चर्चाएं सामने आती रही हैं।
हालांकि, विजय और तृषा दोनों ने कभी भी अपने रिश्ते को लेकर सार्वजनिक रूप से कोई पुष्टि नहीं की है।
विजय के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के कार्यक्रम में भी तृषा शामिल हुई थीं। उन्होंने विजय के परिवार से मुलाकात की थी और उनकी मां से भी मिली थीं।
चुनाव परिणाम के दिन विजय के घर पहुंची थीं तृषा
रिपोर्ट्स के मुताबिक, विधानसभा चुनाव परिणाम वाले दिन 4 मई को तृषा विजय के नीलांकरई स्थित घर पहुंची थीं। खास बात यह थी कि उसी दिन अभिनेत्री का जन्मदिन भी था।
इसके बाद सोशल मीडिया पर विजय और तृषा को लेकर चर्चाएं और तेज हो गई थीं।
मुख्यमंत्री बनने के बाद एक फैसले को लेकर भी हुई चर्चा
मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय सरकार के एक फैसले की भी काफी चर्चा हुई थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनकी कथित रूप से करीबी मानी जाने वाली अभिनेत्री तृषा की फिल्म ‘करुप्पु’ के लिए सुबह 9 बजे के विशेष मॉर्निंग शो की अनुमति दी गई थी।
राज्य में पिछले कुछ समय से सुबह के विशेष शो पर प्रतिबंध लागू था, ऐसे में इस फैसले को लेकर राजनीतिक और फिल्मी हलकों में चर्चा हुई थी।
अब आगे क्या?
संगीता द्वारा तलाक याचिका वापस लेने के बाद विजय और उनके परिवार से जुड़ा यह मामला फिलहाल खत्म हो गया है। अदालत ने याचिका वापसी को स्वीकार कर लिया है।
हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम के दौरान सामने आए आरोपों और चर्चाओं पर विजय या संगीता की ओर से कोई विस्तृत सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है।
विजय अब मुख्यमंत्री के तौर पर राजनीतिक जिम्मेदारियों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, जबकि यह मामला कानूनी प्रक्रिया खत्म होने के साथ समाप्त हो गया है।
news desk MPcg