MYH फार्मासिस्ट पर EOW का छापा, आय से अधिक संपत्ति का खुलासा
इंदौर के महाराजा यशवंतराव (MY) अस्पताल में पदस्थ फार्मासिस्ट राकेश गोरखे के खिलाफ आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) की कार्रवाई में बड़ा खुलासा हुआ है। आय से अधिक संपत्ति के मामले में मंगलवार को उनके ठिकानों पर छापेमार कार्रवाई की गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि उन्होंने अपनी ज्ञात आय से करीब 108 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित की है। जांच के दौरान यह भी पता चला कि वे विभागीय अनुमति के बिना थाईलैंड की यात्रा पर गए थे।
प्रारंभिक जांच में सामने आई करोड़ों की संपत्ति
EOW अधिकारियों के मुताबिक, राकेश गोरखे की नियुक्ति वर्ष 2007 में MY अस्पताल में फार्मासिस्ट के रूप में हुई थी। नियुक्ति के समय उनका मासिक वेतन करीब 18,711 रुपये था, जो समय के साथ बढ़कर 54,664 रुपये प्रतिमाह हो गया। जांच में उनकी पत्नी कीर्ति गोरखे की आय को भी शामिल किया गया है, जो वर्ष 2010 से सरकारी डेंटल अस्पताल में लाइब्रेरियन के पद पर कार्यरत हैं। वर्तमान में उनका मासिक वेतन 42,402 रुपये है।
आय से दोगुना खर्च का दावा
EOW की जांच के अनुसार दंपती की कुल वैध आय 1 करोड़ 11 लाख 31 हजार 383 रुपये आंकी गई है। वहीं, तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और निवेश के आधार पर 2 करोड़ 13 लाख 85 हजार रुपये से अधिक की चल और अचल संपत्ति तथा खर्च का विवरण सामने आया। यह उनकी ज्ञात आय से लगभग 108 प्रतिशत अधिक बताया गया है।
कई संपत्तियां और प्लॉट मिले
तलाशी के दौरान स्कीम नंबर-140 स्थित वृंदावन गार्डन में दो मंजिला मकान के दस्तावेज मिले। इसके अलावा साकार एनआरआई सिटी, साहिल इंद्रांचल होम्स, संघवी रेजीडेंसी और सद्गुरु नंदी विहार में एक-एक प्लॉट की जानकारी सामने आई। ओमेक्स डेवलपर्स में एक अन्य प्लॉट की बुकिंग के लिए 6.70 लाख रुपये जमा किए जाने के दस्तावेज भी मिले हैं।
सरकारी दवाओं के स्टॉक में गड़बड़ी की आशंका
जांच एजेंसियों को आशंका है कि सरकारी दवाओं के स्टॉक में कथित गड़बड़ी कर अवैध तरीके से संपत्ति अर्जित की गई। इसी आधार पर आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज कर EOW ने विस्तृत जांच शुरू की है। अधिकारियों का कहना है कि बरामद दस्तावेजों और बैंक रिकॉर्ड की जांच के बाद संपत्ति का वास्तविक मूल्य और वित्तीय लेन-देन का पूरा ब्यौरा सामने आएगा।
जांच अभी जारी
EOW अधिकारियों के अनुसार यह प्रारंभिक जांच है और दस्तावेजों की विस्तृत पड़ताल की जा रही है। बैंक खातों, निवेश, संपत्तियों और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड की जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में आरोपों की पुष्टि होती है तो संबंधित धाराओं के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।
news desk MPcg