सुभाष शर्मा के 5 ठिकानों पर लोकायुक्त का छापा: 6.20 करोड़ की जमीन-मकान और फार्महाउस के दस्तावेज मिले; आय से संपत्ति का अनुपात 543.19%
जबलपुर लोकायुक्त पुलिस ने शनिवार तड़के क्षेत्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज प्रशिक्षण केंद्र, सिवनी में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 कर्मचारी सुभाष शर्मा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में बड़ी कार्रवाई की। लोकायुक्त की अलग-अलग टीमों ने जबलपुर और सिवनी में उसके पांच ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।
कार्रवाई शनिवार सुबह करीब 5:30 बजे शुरू की गई। लोकायुक्त टीमों ने शर्मा के आवास, फार्महाउस और अन्य ठिकानों पर पहुंचकर संपत्ति से जुड़े दस्तावेज और रिकॉर्ड खंगालना शुरू किया। शुरुआती जांच में शर्मा की ज्ञात आय की तुलना में संपत्ति और खर्च का अनुपात 543.19 प्रतिशत पाया गया है।
5 ठिकानों पर एक साथ पहुंची लोकायुक्त की टीमें
लोकायुक्त ने कार्रवाई के लिए अलग-अलग टीमें गठित की थीं। अधिकारियों की टीमें जबलपुर और सिवनी में एक साथ जांच के लिए पहुंचीं।
डीएसपी रेखा प्रजापति के नेतृत्व में निरीक्षक जितेंद्र यादव, राहुल गजभिए और शशि मस्कुले की टीम ने जबलपुर स्थित सुभाष शर्मा के निवास पर दबिश दी।
वहीं, डीएसपी नीतू त्रिपाठी के नेतृत्व में दूसरी टीम पाटन तहसील क्षेत्र के एक गांव में स्थित शर्मा के फार्महाउस पर जांच कर रही है।
इनके अलावा अन्य टीमों को भी अलग-अलग ठिकानों पर जांच की जिम्मेदारी दी गई थी।
5 करोड़ की जमीन-प्लॉट के दस्तावेज मिले
लोकायुक्त की शुरुआती कार्रवाई में शर्मा के पास करीब 5 करोड़ रुपए मूल्य की जमीन और प्लॉट होने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा करीब 1 करोड़ 20 लाख रुपए मूल्य के फार्महाउस और दो मकानों से संबंधित दस्तावेज भी मिले हैं।
लोकायुक्त टीम इन संपत्तियों से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रही है। संपत्तियां कब खरीदी गईं, उनके लिए भुगतान किस माध्यम से किया गया और उनकी वास्तविक कीमत कितनी है, इसका सत्यापन जांच के दौरान किया जाएगा।
पत्नी के नाम पर खरीदी गई संपत्तियों की भी जांच
जांच में यह भी सामने आया है कि शर्मा ने संपत्तियां अपनी पत्नी शीला शर्मा के नाम पर खरीदी हैं। लोकायुक्त अब इन संपत्तियों के स्वामित्व और खरीद से संबंधित रिकॉर्ड की जांच कर रही है।
टीम यह पता लगाने में जुटी है कि संपत्तियों की खरीद के लिए धन कहां से आया और इन संपत्तियों के भुगतान का स्रोत क्या था।
आय की तुलना में संपत्ति और खर्च का अनुपात 543.19%
लोकायुक्त की शुरुआती जांच में सुभाष शर्मा की ज्ञात आय की तुलना में उनकी संपत्ति और खर्च काफी अधिक पाए गए हैं। जांच के मुताबिक यह अनुपात 543.19 प्रतिशत है।
इसी आधार पर लोकायुक्त ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में कार्रवाई शुरू की है। हालांकि, छापे की कार्रवाई अभी जारी है और संपत्तियों के दस्तावेजों तथा अन्य रिकॉर्ड का विस्तृत परीक्षण किया जा रहा है।
जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कुल कितनी संपत्ति वैध आय से अधिक पाई जाती है।
दस्तावेज और रिकॉर्ड खंगाल रही टीम
लोकायुक्त की टीमें छापे के दौरान मिले दस्तावेजों और रिकॉर्ड की जांच कर रही हैं। इनमें जमीन, प्लॉट, मकान और फार्महाउस से जुड़े कागजात शामिल हैं।
अधिकारी संपत्तियों के दस्तावेजों का मूल्यांकन कराने के साथ-साथ उनके खरीद मूल्य और वर्तमान मूल्य की भी जांच कर सकते हैं। इसके अलावा बैंक खातों और अन्य वित्तीय लेनदेन से संबंधित रिकॉर्ड की भी पड़ताल की जा रही है।
जांच पूरी होने के बाद सामने आएगी पूरी संपत्ति
लोकायुक्त अधिकारियों के मुताबिक फिलहाल कार्रवाई प्रारंभिक चरण में है। टीमों की ओर से अलग-अलग ठिकानों पर दस्तावेज और रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
जांच के दौरान यदि अन्य संपत्तियां, निवेश या वित्तीय लेनदेन सामने आते हैं तो उन्हें भी जांच में शामिल किया जाएगा। संपत्तियों के दस्तावेजों के सत्यापन और मूल्यांकन के बाद ही सुभाष शर्मा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का अंतिम आंकड़ा स्पष्ट होगा।
फिलहाल लोकायुक्त की कार्रवाई जारी है और टीमों की जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
news desk MPcg