बिहार विधानमंडल के आखिरी दिन हंगामा: डिप्टी CM बिजेंद्र यादव और RJD MLC सुनील सिंह में तीखी नोकझोंक, जहानाबाद छात्र प्रदर्शन पर भी सत्ता-विपक्ष आमने-सामने
बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र का आखिरी दिन शुक्रवार को भारी हंगामे और तीखी राजनीतिक नोकझोंक के नाम रहा। विधानसभा और विधान परिषद, दोनों सदनों में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जमकर आरोप-प्रत्यारोप हुए। विधान परिषद में उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के विधान पार्षद सुनील कुमार सिंह के बीच तीखी बहस हुई, जबकि विधानसभा में जहानाबाद छात्र प्रदर्शन और कथित फायरिंग के मुद्दे पर विपक्ष ने सरकार को घेरा। पूरे दिन सदन का माहौल तनावपूर्ण बना रहा और कई बार कार्यवाही बाधित होती रही।
विधान परिषद में टिप्पणी के बाद बढ़ा विवाद
विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव सरकार की ओर से विभिन्न मुद्दों पर जवाब दे रहे थे। इसी दौरान RJD MLC सुनील कुमार सिंह ने उनकी आंखों की रोशनी को लेकर कथित टिप्पणी की, जिसके बाद सदन का माहौल अचानक गरमा गया।
टिप्पणी पर नाराजगी जताते हुए बिजेंद्र यादव ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। जवाबी बहस के दौरान दोनों नेताओं के बीच तीखे शब्दों का आदान-प्रदान हुआ और मामला व्यक्तिगत टिप्पणियों तक पहुंच गया। सदन में मौजूद अन्य सदस्यों ने भी इस बहस में हस्तक्षेप किया, जिससे कुछ देर तक शोर-शराबा और हंगामे की स्थिति बनी रही।
'फटीचर' टिप्पणी पर बढ़ा सियासी तापमान
बहस के दौरान उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र यादव की ओर से की गई एक टिप्पणी, जिसमें "फटीचर" शब्द का इस्तेमाल होने की बात सामने आई, उसे लेकर विपक्ष ने कड़ा विरोध दर्ज कराया। RJD सदस्यों ने इसे सदन की गरिमा के खिलाफ बताते हुए आपत्ति जताई और सरकार से स्पष्टीकरण की मांग की।
वहीं सत्ता पक्ष का कहना था कि विपक्ष लगातार व्यक्तिगत टिप्पणियां कर माहौल खराब करने की कोशिश कर रहा था, जिसके जवाब में यह प्रतिक्रिया आई।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भी आरोप-प्रत्यारोप
विवाद बढ़ने के दौरान उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र यादव ने RJD पर भ्रष्टाचार को लेकर निशाना साधा। इसके जवाब में विपक्षी सदस्यों ने सरकार पर मुद्दों से ध्यान भटकाने का आरोप लगाया।
इसी दौरान जदयू MLC संजय सिंह और RJD MLC सुनील कुमार सिंह के बीच भी तीखी बहस देखने को मिली। दोनों पक्षों के सदस्य एक-दूसरे पर आरोप लगाते रहे, जिससे सदन का माहौल काफी देर तक तनावपूर्ण बना रहा।
विधानसभा में जहानाबाद छात्र प्रदर्शन का मुद्दा उठा
विधान परिषद में जारी हंगामे के समानांतर विधानसभा में भी राजनीतिक टकराव देखने को मिला। कार्यवाही शुरू होते ही RJD विधायक आलोक मेहता ने जहानाबाद में छात्र प्रदर्शन के दौरान कथित फायरिंग का मुद्दा उठाया।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर गोली चलाई गई और सरकार पूरे मामले में जवाबदेही तय करने से बच रही है। विपक्ष ने इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा और कार्रवाई की मांग की।
सत्ता पक्ष ने विपक्ष के आरोपों को किया खारिज
सरकार की ओर से विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए सत्ता पक्ष के सदस्यों ने कहा कि पुलिस और प्रशासन पर हमला करने वालों को छात्र नहीं कहा जा सकता।
सत्ता पक्ष ने प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा की निंदा करते हुए कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सरकार की जिम्मेदारी है और हिंसा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कुछ सदस्यों ने इस मामले में निंदा प्रस्ताव लाने की भी मांग की।
वेल में पहुंचे विधायक, कई बार बाधित हुई कार्यवाही
जहानाबाद मुद्दे पर बहस के दौरान विपक्षी विधायक वेल में पहुंच गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने भी विपक्ष के आरोपों का जोरदार जवाब दिया।
लगातार हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही कई बार बाधित हुई। अध्यक्ष को सदस्यों से शांत रहने और सदन की गरिमा बनाए रखने की अपील करनी पड़ी।
मानसून सत्र का समापन हंगामे के बीच
बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र का अंतिम दिन भी राजनीतिक टकराव के बीच समाप्त हुआ। एक ओर विधान परिषद में व्यक्तिगत टिप्पणियों और तीखी नोकझोंक ने माहौल गर्म रखा, तो दूसरी ओर विधानसभा में जहानाबाद छात्र प्रदर्शन और कथित फायरिंग का मुद्दा छाया रहा।
सत्र के समापन के साथ सत्ता पक्ष और विपक्ष ने एक-दूसरे पर सदन की कार्यवाही बाधित करने और राजनीतिक लाभ लेने के आरोप लगाए।
अब आगे क्या?
जहानाबाद छात्र प्रदर्शन का मुद्दा आने वाले दिनों में भी बिहार की राजनीति में प्रमुख विषय बना रह सकता है। वहीं विधान परिषद में हुई तीखी बहस और व्यक्तिगत टिप्पणियों को लेकर भी राजनीतिक प्रतिक्रियाएं जारी रहने की संभावना है।
हालांकि, सदन में हुई बहस के दौरान लगाए गए आरोपों और प्रत्यारोपों पर संबंधित पक्षों की अपनी-अपनी दलीलें हैं और कई मामलों में आधिकारिक जांच या विस्तृत तथ्य सामने आना अभी बाकी है।
मुख्य बिंदु
बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र का अंतिम दिन हंगामेदार रहा।
विधान परिषद में डिप्टी CM बिजेंद्र प्रसाद यादव और RJD MLC सुनील कुमार सिंह के बीच तीखी नोकझोंक हुई।
कथित "फटीचर" टिप्पणी को लेकर विपक्ष ने विरोध दर्ज कराया।
विधानसभा में जहानाबाद छात्र प्रदर्शन और कथित फायरिंग का मुद्दा जोरदार ढंग से उठा।
सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप के कारण दोनों सदनों में कई बार कार्यवाही प्रभावित हुई।
मानसून सत्र का समापन राजनीतिक गर्माहट और हंगामे के बीच हुआ।
news desk MPcg