हैदराबाद-लंदन ब्रिटिश एयरवेज फ्लाइट में तीनों पायलट बीमार पड़े, एक को 30,000 फीट की ऊंचाई पर देनी पड़ी ऑक्सीजन; जांच शुरू

हैदराबाद-लंदन ब्रिटिश एयरवेज फ्लाइट में तीनों पायलट बीमार पड़े, एक को 30,000 फीट की ऊंचाई पर देनी पड़ी ऑक्सीजन; जांच शुरू

हैदराबाद से लंदन जा रही ब्रिटिश एयरवेज (British Airways) की उड़ान BA276 में एक असामान्य घटना सामने आई, जब उड़ान के दौरान विमान के तीनों पायलटों की तबीयत बिगड़ गई। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एक पायलट की हालत इतनी खराब हो गई कि करीब 30,000 फीट की ऊंचाई पर उसे विमान के अंदर ऑक्सीजन देनी पड़ी, जबकि अन्य दो पायलटों ने अस्वस्थ महसूस करने के बावजूद उड़ान का संचालन जारी रखा और विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई।

घटना के बाद ब्रिटिश एयरवेज ने मामले की आंतरिक जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक आशंका फूड पॉइजनिंग (खाद्य विषाक्तता) की जताई जा रही है, हालांकि एयरलाइन ने अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

उड़ान के दौरान बिगड़ी तीनों पायलटों की तबीयत

रिपोर्टों के अनुसार, ब्रिटिश एयरवेज की फ्लाइट BA276 निर्धारित समय के अनुसार हैदराबाद से लंदन के लिए रवाना हुई थी। उड़ान के दौरान कॉकपिट में मौजूद तीनों पायलटों ने अस्वस्थता के लक्षण महसूस किए।

बताया गया कि उनमें से एक पायलट की स्थिति अधिक गंभीर हो गई, जिसके चलते विमान में उपलब्ध मेडिकल उपकरणों की मदद से उसे ऑक्सीजन सपोर्ट देना पड़ा।

हालांकि विमान में मौजूद अन्य दो पायलटों ने, हल्के लक्षण होने के बावजूद, निर्धारित सुरक्षा प्रक्रियाओं का पालन करते हुए उड़ान जारी रखी और विमान को सुरक्षित रूप से अपने गंतव्य तक पहुंचाया।

फूड पॉइजनिंग की आशंका, लेकिन पुष्टि नहीं

प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, उड़ान से पहले तीनों पायलट हैदराबाद में एयरलाइन द्वारा उपलब्ध कराए गए होटल में रुके थे। बताया जा रहा है कि उन्होंने वहीं नाश्ता किया था और बाहरी आपूर्तिकर्ता द्वारा उपलब्ध कराई गई बोतलबंद पानी का भी सेवन किया था।

इन्हीं तथ्यों के आधार पर शुरुआती स्तर पर फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई जा रही है। हालांकि यह केवल प्रारंभिक संभावना है और वास्तविक कारण की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।

ब्रिटिश एयरवेज ने शुरू की जांच

घटना के बाद ब्रिटिश एयरवेज ने आधिकारिक रूप से जांच शुरू कर दी है।

एयरलाइन ने कहा कि—

यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया गया।
चालक दल (Crew) का स्वास्थ्य और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
चालक दल के ठहरने की व्यवस्था और भोजन संबंधी व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है।
बीमारी के संभावित कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

ब्रिटिश एयरवेज यह भी जांच कर रही है कि क्या बीमारी का संबंध होटल के भोजन, पेयजल या किसी अन्य कारण से था।

पायलटों से लिए जाएंगे चिकित्सीय नमूने

मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक घटना के बाद तीनों पायलटों ने आवश्यक एविएशन सेफ्टी रिपोर्ट दर्ज कराई है।

जांच प्रक्रिया के तहत उनसे चिकित्सीय परीक्षण के लिए नमूने (Samples) भी लिए जा रहे हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि बीमारी का वास्तविक कारण क्या था।

स्वास्थ्य जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मामला फूड पॉइजनिंग का था या किसी अन्य चिकित्सीय कारण से जुड़ा हुआ था।

विमानन सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत हुई कार्रवाई

अंतरराष्ट्रीय विमानन नियमों के अनुसार, यदि उड़ान के दौरान किसी चालक दल के सदस्य की तबीयत खराब होती है, तो विमान में उपलब्ध मेडिकल किट और ऑक्सीजन सिस्टम का उपयोग किया जाता है।

ऐसी परिस्थितियों में पायलटों के बीच कार्य का पुनर्वितरण किया जाता है और आवश्यकता पड़ने पर एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से विशेष सहायता भी ली जाती है।

ब्रिटिश एयरवेज ने कहा है कि इस घटना के दौरान सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन किया गया और यात्रियों की सुरक्षा पूरी तरह सुनिश्चित रही।

यात्रियों की सुरक्षा पर नहीं पड़ा असर

एयरलाइन के अनुसार, उड़ान के दौरान यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं हुआ और विमान ने सुरक्षित रूप से अपनी यात्रा पूरी की।

अब एयरलाइन इस बात की समीक्षा कर रही है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए चालक दल के भोजन, आवास और स्वास्थ्य संबंधी प्रक्रियाओं में किन सुधारों की आवश्यकता है।

विशेषज्ञ क्या कहते हैं?

विमानन विशेषज्ञों के अनुसार, किसी भी लंबी अंतरराष्ट्रीय उड़ान में चालक दल के स्वास्थ्य की लगातार निगरानी की जाती है।

यदि किसी सदस्य की तबीयत बिगड़ती है तो विमान में मौजूद प्रशिक्षित क्रू, मेडिकल किट, ऑक्सीजन सपोर्ट और मानक आपातकालीन प्रक्रियाओं के माध्यम से स्थिति को नियंत्रित किया जाता है।

हालांकि, एक साथ कई चालक दल के सदस्यों के बीमार पड़ने की घटनाएं अत्यंत दुर्लभ मानी जाती हैं और ऐसे मामलों में विस्तृत जांच सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा होती है।

मुख्य बिंदु
ब्रिटिश एयरवेज की हैदराबाद-लंदन फ्लाइट BA276 में उड़ान के दौरान तीनों पायलट अस्वस्थ हो गए।
एक पायलट की हालत बिगड़ने पर लगभग 30,000 फीट की ऊंचाई पर ऑक्सीजन सपोर्ट देना पड़ा।
अन्य दो पायलटों ने निर्धारित सुरक्षा प्रक्रियाओं के तहत विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई।
शुरुआती रिपोर्टों में फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई गई है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
ब्रिटिश एयरवेज ने चालक दल के होटल, भोजन और अन्य व्यवस्थाओं की जांच शुरू कर दी है।
पायलटों के चिकित्सीय नमूनों की जांच के बाद ही बीमारी के वास्तविक कारण की पुष्टि हो सकेगी।