बारिश में कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा, सीधी में 9 जर्जर भवनों पर मंडरा रहा खतरा
पीडब्ल्यूडी ने नगर पालिका को भेजी रिपोर्ट, तत्काल ध्वस्त कराने की अनुशंसा; जर्जर मकानों में रहना बताया जानलेवा
सीधी। बारिश के मौसम में जर्जर भवनों से हादसे का खतरा बढ़ गया है। सीधी शहर में 9 अत्यंत जर्जर और खतरनाक भवनों को चिन्हित किया गया है। लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने इन भवनों को मानव निवास के लिए असुरक्षित बताते हुए इन्हें तत्काल ध्वस्त कराने की अनुशंसा की है।
पीडब्ल्यूडी संभाग सीधी के कार्यपालन यंत्री द्वारा 21 जुलाई को मुख्य नगर पालिका अधिकारी को पत्र भेजकर जर्जर भवनों की स्थिति से अवगत कराया गया है। विभाग ने यह रिपोर्ट नगर पालिका और विभागीय अधिकारियों के संयुक्त निरीक्षण के बाद तैयार की है।
जर्जर भवनों में रहना बताया गया जान के लिए खतरा
निरीक्षण के दौरान पाया गया कि चिन्हित सभी भवन काफी क्षतिग्रस्त अवस्था में हैं। बारिश के कारण इन भवनों के गिरने की संभावना और बढ़ गई है। विभाग ने कहा है कि इन मकानों में रहना लोगों की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।
पीडब्ल्यूडी की रिपोर्ट में बताया गया कि कई भवनों की हालत इतनी खराब है कि वे कभी भी गिर सकते हैं। ऐसे में समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
इन इलाकों के भवन किए गए चिन्हित
निरीक्षण रिपोर्ट के अनुसार सीधी नगर पालिका क्षेत्र के अलग-अलग स्थानों पर स्थित 9 भवनों को खतरनाक श्रेणी में रखा गया है।
इनमें शामिल हैं—
पुलिस लाइन के पास पुलिस कॉलोनी के 3 भवन
हरिजन बस्ती वार्ड क्रमांक-4 के 2 मकान
नूतन कॉलोनी के 2 भवन
20 आजाद नगर वार्ड क्रमांक-14 का 1 भवन
सराफा बाजार एवं सर्वोदय चौक वार्ड क्रमांक-19 के 2 भवन
इन सभी भवनों को अत्यंत क्षतिग्रस्त और जर्जर अवस्था में पाया गया है।
नगर पालिका को कार्रवाई के निर्देश
पीडब्ल्यूडी ने नगर पालिका प्रशासन को विस्तृत रिपोर्ट भेजते हुए इन भवनों को जल्द से जल्द हटाने या ध्वस्त कराने की प्रक्रिया शुरू करने की अनुशंसा की है। प्रशासन का उद्देश्य बारिश के दौरान किसी भी संभावित दुर्घटना को रोकना है।
अब नगर पालिका द्वारा इन जर्जर भवनों पर आगे की कार्रवाई की जाएगी, ताकि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
news desk MPcg