"मंत्री का रिश्तेदार बनकर देवास सर्किट हाउस में ठहरे तीन लोग, पुलिस जांच में झूठ का खुलासा"
मध्य प्रदेश के दमोह जिले के तीन लोग स्वास्थ्य राज्य मंत्री का रिश्तेदार बताकर देवास के सर्किट हाउस में रुके, जो शराब के नशे में थे और वाहन खरीदने आए थे। एसडीएम की सूचना पर पुलिस ने जांच की, तो गलत जानकारी देने का खुलासा हुआ और उनके खिलाफ बीएनएस की धारा 170 व 185 के तहत कार्रवाई की गई। प्रारंभिक जांच में पता चला कि वे पहले भी भ्रामक जानकारी देकर रेस्ट हाउस में रुक चुके हैं, और अब उन्हें एसडीएम न्यायालय में पेश किया जाएगा।
मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल का रिश्तेदार बताकर दमोह जिले के तीन लोग मंगलवार शाम को मीठा तालाब के समीप स्थित सर्किट हाउस में रुक गए। यहां चाय नाश्ते की शुरुआत भी कर दी।
SDM ने दी थी पुलिस को सूचना
नाहर दरवाजा थाना प्रभारी मंजू यादव ने बताया एसडीएम बिहारी सिंह द्वारा तीन लोगों के रेस्ट हाउस में ठहरे होने और मंत्री का रिश्तेदार बताने की बात पर शंका जताते हुए सूचना दी गई थी। इसके बाद जांच की गई तो हरिमोहन पुत्र रामकृष्ण पटेल, देवेंद्र पुत्र द्वारका पटेल दोनों निवासी तहसील पथरिया जिला दमोह तथा मनोज पुत्र लखनलाल पटेल निवासी खिरिया मंडला जिला दमोह गलत जानकारी देकर रेस्ट हाउस में रुके हुए थे।
वाहन खरीदने के लिए देवास आए थे
पूछताछ में पता चला है यह लोग किसी वाहन खरीदी के मामले में देवास आए हुए थे। इनके विरुद्ध बीएनएस की धारा 170 सहित 185 के तहत कार्रवाई की गई है। यह चार पहिया वाहन से आए थे और शराब के नशे में थे।
प्रारंभिक जांच में यह भी पता चला है कि यह लोग इसी तरह की भ्रामक जानकारी देकर पूर्व में भी रेस्ट हाउस में रुक चुके हैं। आज बुधवार को इनको एसडीएम न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा। इनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जानकारी निकाली जा रही।
news desk MPcg