लखनऊ के जवाहर भवन में भीषण आग: चौथी मंजिल से उठीं लपटें, 2 किमी दूर तक दिखा धुएं का गुबार; 15 दमकल गाड़ियों ने संभाला मोर्चा
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में सोमवार सुबह एक बड़े सरकारी भवन में आग लगने से हड़कंप मच गया। हजरतगंज स्थित जवाहर भवन की चौथी मंजिल पर अचानक लगी आग ने कुछ ही देर में विकराल रूप ले लिया। आग इतनी भीषण थी कि इमारत के ऊपरी हिस्से से उठता काले धुएं का गुबार करीब 2 किलोमीटर दूर तक दिखाई दिया।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और दमकल विभाग हरकत में आया। मौके पर पहुंची करीब 15 दमकल गाड़ियों ने कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह नियंत्रण पाया। राहत की बात यह रही कि इस अग्निकांड में किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं है।
सुबह करीब 9:53 बजे लगी आग, कर्मचारियों में मची अफरा-तफरी
जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 9 बजकर 53 मिनट पर जवाहर भवन की चौथी मंजिल से धुआं उठता दिखाई दिया। देखते ही देखते आग की लपटें तेज हो गईं और पूरे फ्लोर को अपनी चपेट में ले लिया।
जिस समय आग लगी, उस वक्त सरकारी कार्यालयों में कामकाज शुरू हो चुका था और बड़ी संख्या में कर्मचारी भवन में मौजूद थे। आग की जानकारी मिलते ही कर्मचारियों और आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
प्रशासन ने तुरंत बिल्डिंग को खाली कराया और लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। पुलिस ने आसपास के इलाके में सुरक्षा घेरा बना दिया ताकि राहत और बचाव कार्य में किसी तरह की बाधा न आए।
चौथी मंजिल पर खाद्य एवं रसद विभाग का कार्यालय प्रभावित
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, आग जवाहर भवन की चौथी मंजिल पर स्थित खाद्य एवं रसद विभाग के कार्यालय और कैंटीन क्षेत्र में लगी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सबसे पहले कैंटीन के आसपास धुआं दिखाई दिया, जिसके बाद आग तेजी से फैल गई। हालांकि अभी तक आग लगने के वास्तविक कारणों की पुष्टि नहीं हो पाई है।
फायर विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर आग के स्रोत का पता लगाने में जुटी हुई है। आशंका जताई जा रही है कि आग शॉर्ट सर्किट या कैंटीन क्षेत्र में किसी तकनीकी खराबी के कारण लगी हो सकती है, लेकिन जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
15 दमकल गाड़ियों ने एक साथ संभाला मोर्चा
आग की सूचना मिलते ही लखनऊ फायर विभाग ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी। मौके पर दमकल की करीब 15 गाड़ियां पहुंचीं।
फायर कर्मियों ने ऊंची मंजिल पर लगी आग बुझाने के लिए विशेष उपकरणों का इस्तेमाल किया। चौथी मंजिल तक पानी पहुंचाने के लिए लंबी होज पाइप लाइन बिछाई गई।
दमकल कर्मियों ने लगातार प्रयास करते हुए आग को अन्य मंजिलों तक फैलने से रोका। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पा लिया गया।
इसके बाद बिल्डिंग में दोबारा आग भड़कने की संभावना को देखते हुए कूलिंग ऑपरेशन चलाया गया।
आग बुझाने के दौरान छत का हिस्सा गिरा
आग बुझाने की कार्रवाई के दौरान जवाहर भवन की ऊपरी छत का एक हिस्सा टूटकर नीचे गिर गया।
हालांकि राहत की बात यह रही कि जिस समय यह हिस्सा गिरा, वहां कोई कर्मचारी या दमकल कर्मी मौजूद नहीं था। प्रशासन ने बताया कि घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली है।
अधिकारियों ने भवन की सुरक्षा स्थिति की भी समीक्षा शुरू कर दी है।
धुएं का गुबार देखकर सड़क पर जुटे लोग
जवाहर भवन से निकलता काला धुआं इतना घना था कि आसपास के इलाकों से भी दिखाई दे रहा था। करीब 2 किलोमीटर दूर तक धुएं का गुबार नजर आने के बाद बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल की ओर पहुंचने लगे।
हजरतगंज जैसे व्यस्त इलाके में आग लगने के कारण कुछ समय के लिए आसपास के क्षेत्र में भी हलचल बढ़ गई।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों को दूर रखा ताकि दमकल और राहत टीमों को काम करने में परेशानी न हो।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और अधिकारी पहुंचे मौके पर
घटना की जानकारी मिलते ही उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक, लखनऊ की मेयर सुषमा खर्कवाल, जिलाधिकारी और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे।
अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और फायर विभाग से आग बुझाने की स्थिति की जानकारी ली।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि दमकल विभाग ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आग पर काबू पा लिया है। उन्होंने बताया कि हादसे में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है।
उन्होंने यह भी कहा कि जवाहर भवन पुरानी इमारत है और इसकी स्थिति को देखते हुए भविष्य में आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
सरकारी फाइलों और दस्तावेजों के नुकसान का आकलन जारी
जवाहर भवन में कई सरकारी विभागों के कार्यालय हैं। ऐसे में आग लगने के बाद प्रशासन यह भी जांच कर रहा है कि इस घटना में कितनी महत्वपूर्ण फाइलें, दस्तावेज और अन्य सरकारी सामान प्रभावित हुए हैं।
अधिकारियों की टीम नुकसान का आकलन कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि आग से कितना आर्थिक नुकसान हुआ है।
पुरानी इमारत होने पर उठे सवाल
जवाहर भवन राजधानी लखनऊ की महत्वपूर्ण सरकारी इमारतों में शामिल है, जहां रोजाना बड़ी संख्या में कर्मचारी और आम लोग पहुंचते हैं।
आग की घटना के बाद भवन की सुरक्षा व्यवस्था, फायर सेफ्टी सिस्टम और पुरानी संरचना को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
प्रशासन अब यह जांच करेगा कि भवन में अग्निशमन सुरक्षा मानकों की स्थिति कैसी थी और क्या सभी जरूरी इंतजाम मौजूद थे।
फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में
दमकल विभाग के अनुसार, आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है। मौके पर अभी भी निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी तरह की दोबारा घटना न हो।
पुलिस, प्रशासन और फायर विभाग की टीमें आग लगने के कारणों और नुकसान की विस्तृत जांच में जुटी हुई हैं।
जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि जवाहर भवन में आग किस वजह से लगी और इससे कितना नुकसान हुआ।
news desk MPcg