टनकपुर-हुजूर साहिब नांदेड़ एक्सप्रेस का शुभारंभ: उत्तर-दक्षिण भारत के बीच बढ़ेगी कनेक्टिविटी, सीएम धामी बोले- उत्तराखंड के लिए ऐतिहासिक दिन

टनकपुर-हुजूर साहिब नांदेड़ एक्सप्रेस का शुभारंभ: उत्तर-दक्षिण भारत के बीच बढ़ेगी कनेक्टिविटी, सीएम धामी बोले- उत्तराखंड के लिए ऐतिहासिक दिन

उत्तराखंड के सीमांत क्षेत्र टनकपुर को देश के दक्षिणी हिस्से से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए टनकपुर–हुजूर साहिब नांदेड़ साप्ताहिक एक्सप्रेस का औपचारिक शुभारंभ किया गया। इसके साथ ही टनकपुर–पीलीभीत पैसेंजर ट्रेन के मार्ग का विस्तार शाहजहांपुर तक कर दिया गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसे उत्तराखंड के परिवहन इतिहास का एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक दिन बताते हुए कहा कि यह रेल सेवा उत्तर और दक्षिण भारत के बीच आस्था, पर्यटन, व्यापार, सांस्कृतिक एकता और आर्थिक विकास का सशक्त सेतु बनेगी।

कार्यक्रम का उद्घाटन केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया। इस अवसर पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी वर्चुअल रूप से शामिल हुए। टनकपुर रेलवे स्टेशन पर आयोजित समारोह में केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह तथा केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा ने फूलों से सजी विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

उत्तराखंड को पहली बार दक्षिण भारत से सीधी रेल कनेक्टिविटी

नई ट्रेन सेवा के शुरू होने से उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र को पहली बार महाराष्ट्र सहित दक्षिण और मध्य भारत के प्रमुख शहरों से सीधा रेल संपर्क मिलेगा। यह ट्रेन उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों से होकर गुजरेगी और हुजूर साहिब नांदेड़ तक पहुंचेगी, जो सिख धर्म के प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है।

सरकार का मानना है कि इस रेल सेवा से धार्मिक यात्रियों, पर्यटकों, छात्रों, व्यापारियों और नौकरीपेशा लोगों को सीधी यात्रा सुविधा मिलेगी तथा लंबी दूरी की यात्रा अधिक आसान होगी।

कुमाऊं के पर्यटन और धार्मिक स्थलों को मिलेगा बड़ा लाभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि टनकपुर कुमाऊं का प्रवेश द्वार है। यहीं से श्रद्धालु मां पूर्णागिरि धाम, आदि कैलाश, ओम पर्वत, पिथौरागढ़, चंपावत और अन्य प्रमुख पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों की यात्रा करते हैं।

उन्होंने कहा कि नई ट्रेन सेवा शुरू होने से देश के विभिन्न राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, जिससे स्थानीय पर्यटन उद्योग को नई गति मिलेगी। होटल, परिवहन, हस्तशिल्प, स्थानीय बाजार और छोटे व्यापारियों को भी इसका सीधा लाभ मिलने की संभावना है।

स्थानीय उत्पादों को मिलेगा राष्ट्रीय बाजार

मुख्यमंत्री ने कहा कि बेहतर रेल संपर्क केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इससे स्थानीय उत्पादों के लिए नए बाजार भी खुलेंगे। कुमाऊं क्षेत्र के कृषि उत्पाद, फल, हस्तशिल्प, जैविक उत्पाद और अन्य स्थानीय वस्तुओं को देश के विभिन्न हिस्सों तक पहुंचाने में सुविधा होगी, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत' के संकल्प के अनुरूप उत्तराखंड में रेलवे अधोसंरचना का तेजी से विस्तार किया जा रहा है और रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण भी जारी है।

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हो रहा आधुनिकीकरण

मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि राज्य के विभिन्न रेलवे स्टेशनों का अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पुनर्विकास किया जा रहा है। इसके अंतर्गत आधुनिक यात्री सुविधाएं, बेहतर प्रतीक्षालय, डिजिटल सूचना प्रणाली, दिव्यांगजन-अनुकूल सुविधाएं, स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्थाओं को मजबूत किया जा रहा है।

सरकार का उद्देश्य यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराना और रेलवे नेटवर्क को आधुनिक बनाना है।

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताईं रेलवे की उपलब्धियां

केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अपने वर्चुअल संबोधन में कहा कि हुजूर साहिब नांदेड़ के धार्मिक महत्व और यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को देखते हुए इस नई एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन शुरू किया गया है।

उन्होंने कहा कि भारतीय रेलवे लगातार अपनी क्षमता बढ़ा रही है और त्योहारों के दौरान यात्रियों की सुविधा के लिए विशेष ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है।

रेल मंत्री के अनुसार—

इस वर्ष रिकॉर्ड संख्या में समर स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया गया।
पिछली दीपावली और छठ पर्व के दौरान लगभग 12,000 विशेष ट्रेनें चलाई गईं।
आगामी रथ यात्रा के अवसर पर 300 विशेष ट्रेनें तथा ओणम के दौरान 100 विशेष ट्रेनें संचालित की जाएंगी।
पिछले 12 वर्षों में लगभग 37,000 किलोमीटर नए रेलवे ट्रैक बिछाए गए हैं।
भारतीय रेलवे का 99.6 प्रतिशत नेटवर्क विद्युतीकृत किया जा चुका है।
देश की बुलेट ट्रेन परियोजना पर तेजी से कार्य चल रहा है और निर्धारित समयसीमा के अनुसार इसे शुरू करने की दिशा में काम जारी है।
लंबे समय से थी सीधी ट्रेन की मांग

टनकपुर और आसपास के क्षेत्रों के लोगों की लंबे समय से मांग थी कि कुमाऊं क्षेत्र को मध्य और दक्षिण भारत से जोड़ने वाली सीधी रेल सेवा शुरू की जाए। अब इस मांग के पूरा होने से यात्रियों को कई ट्रेनों में बदलकर यात्रा करने की आवश्यकता कम होगी।

विशेष रूप से महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में रहने वाले उत्तराखंड मूल के लोगों तथा सिख श्रद्धालुओं को इस नई सेवा से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

क्षेत्रीय विकास को मिलेगी नई गति

विशेषज्ञों का मानना है कि नई रेल सेवा से केवल यातायात ही नहीं, बल्कि क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। बेहतर रेल संपर्क से निवेश, पर्यटन, रोजगार और व्यापार के नए अवसर विकसित हो सकते हैं। इसके अलावा सीमांत क्षेत्रों में आवागमन आसान होने से सामाजिक और सांस्कृतिक संपर्क भी मजबूत होगा।

मुख्य बिंदु
टनकपुर–हुजूर साहिब नांदेड़ साप्ताहिक एक्सप्रेस का शुभारंभ।
टनकपुर–पीलीभीत पैसेंजर ट्रेन का विस्तार शाहजहांपुर तक।
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने इसे उत्तराखंड के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताया।
नई ट्रेन उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र को जोड़ेगी।
पूर्णागिरि, आदि कैलाश सहित कुमाऊं के धार्मिक और पर्यटन स्थलों को मिलेगा लाभ।
स्थानीय व्यापार, पर्यटन और कृषि उत्पादों को नए बाजार मिलने की संभावना।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण जारी।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रथ यात्रा पर 300 और ओणम पर 100 विशेष ट्रेनें चलाने की घोषणा की।
भारतीय रेलवे में 99.6% विद्युतीकरण और 37 हजार किलोमीटर नए ट्रैक बिछाने की जानकारी दी।