लखनऊ दौरे पर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, 41 स्वागत बिंदुओं पर 25 सामाजिक समूह करेंगे अभिनंदन; संगठनात्मक बैठकों और चुनावी रणनीति पर रहेगा फोकस
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन शनिवार से दो दिवसीय उत्तर प्रदेश दौरे पर लखनऊ पहुंच रहे हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद यह उनका पहला औपचारिक संगठनात्मक दौरा है, जिसमें वे प्रदेश संगठन, जनप्रतिनिधियों और एनडीए सहयोगी दलों के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकें करेंगे। इस दौरे को आगामी चुनावों की तैयारियों, संगठन की मजबूती और सामाजिक समीकरणों के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
भाजपा ने उनके स्वागत के लिए एयरपोर्ट से पार्टी प्रदेश मुख्यालय तक 41 स्वागत बिंदु निर्धारित किए हैं, जहां 25 अलग-अलग सामाजिक समूहों को स्वागत की जिम्मेदारी सौंपी गई है। पार्टी इसे सामाजिक समावेश और व्यापक जनसंपर्क का प्रतीक बता रही है, जबकि राजनीतिक विश्लेषक इसे उत्तर प्रदेश की सामाजिक और चुनावी रणनीति से भी जोड़कर देख रहे हैं।
सुबह लखनऊ पहुंचेंगे राष्ट्रीय अध्यक्ष
भाजपा के कार्यक्रम के अनुसार, नितिन नवीन शनिवार सुबह करीब 11 बजे चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे। एयरपोर्ट पर पार्टी पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं द्वारा उनका स्वागत किया जाएगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष एयरपोर्ट से भाजपा प्रदेश मुख्यालय तक सड़क मार्ग से जाएंगे। पूरे मार्ग पर पार्टी कार्यकर्ताओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों की ओर से स्वागत कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं।
41 स्वागत बिंदु, 25 सामाजिक समूहों की भागीदारी
भाजपा ने स्वागत कार्यक्रम को सामाजिक प्रतिनिधित्व के आधार पर व्यवस्थित किया है। विभिन्न स्थानों पर अलग-अलग समाजों और समुदायों को जिम्मेदारी दी गई है।
स्वागत में जिन प्रमुख सामाजिक समूहों की भागीदारी तय की गई है, उनमें शामिल हैं—
गौतम समाज
कायस्थ समाज
गाल समाज
राजभर समाज
पर्वतीय समाज
लोधी समाज
यादव समाज
ब्राह्मण समाज
मराठी समाज
अल्पसंख्यक एवं क्रिश्चियन समाज
पटेल समाज
मौर्य समाज
कुशवाहा समाज
वाल्मीकि समाज
पासी समाज
निषाद समाज
सिंधी समाज
साहू समाज
सिख एवं पंजाबी समाज
वैश्य समाज
बंगाली समाज
खत्री समाज
विश्वकर्मा समाज
क्षत्रिय समाज
सोनकर समाज
भोजपुरी समाज
ओबीसी मोर्चा
इन स्वागत स्थलों पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों और पार्टी कार्यकर्ताओं की भी अलग-अलग जिम्मेदारियां तय की गई हैं।
110 पार्षदों की 30 टीमें रहेंगी सक्रिय
स्वागत कार्यक्रम को सुव्यवस्थित बनाने के लिए भाजपा ने 110 पार्षदों की 30 अलग-अलग टोलियां बनाई हैं। पूरे मार्ग पर कार्यकर्ताओं की मानव श्रृंखला भी बनाई जाएगी ताकि राष्ट्रीय अध्यक्ष का स्वागत व्यवस्थित ढंग से किया जा सके।
कार्यक्रम के अनुसार, नितिन नवीन केवल पंडित दीनदयाल उपाध्याय स्मृतिका पर रुककर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। इसके बाद वे सीधे पार्टी कार्यालय पहुंचेंगे।
प्रदेश मुख्यालय में होगी पहली संगठनात्मक बैठक
दोपहर लगभग 12 बजे भाजपा प्रदेश मुख्यालय में राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदेश पदाधिकारियों के साथ परिचय एवं संगठनात्मक संवाद करेंगे।
यह बैठक कई कारणों से महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद उत्तर प्रदेश संगठन के साथ उनकी यह पहली औपचारिक बैठक होगी। इसमें संगठन विस्तार, बूथ प्रबंधन, सदस्यता अभियान, आगामी चुनावों की तैयारी और कार्यकर्ताओं की भूमिका जैसे विषयों पर चर्चा होने की संभावना है।
हनुमान सेतु मंदिर में करेंगे दर्शन
कार्यक्रम के अनुसार शाम करीब 4 बजे नितिन नवीन लखनऊ के हनुमान सेतु मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना करेंगे। इसके बाद वे प्रदेश के दोनों उपमुख्यमंत्रियों केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, सांसदों, विधायकों तथा विधान परिषद सदस्यों के साथ अलग-अलग बैठकों में शामिल होंगे।
इन बैठकों में संगठन और सरकार के बीच समन्वय, विकास कार्यों तथा आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों पर चर्चा होने की संभावना है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ रात्रि भोज
दौरे के पहले दिन राष्ट्रीय अध्यक्ष मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ रात्रि भोजन करेंगे। राजनीतिक जानकारों के अनुसार इस दौरान प्रदेश की राजनीतिक स्थिति, संगठनात्मक गतिविधियों, आगामी चुनावों और सरकार-संगठन के समन्वय सहित विभिन्न विषयों पर अनौपचारिक चर्चा हो सकती है।
हालांकि बैठक के एजेंडे को लेकर भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक विस्तृत जानकारी जारी नहीं की गई है।
दूसरे दिन एनडीए और संगठन की अहम बैठकें
रविवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष का कार्यक्रम और भी व्यस्त रहेगा।
कार्यक्रम के अनुसार वे—
पूर्व प्रदेश अध्यक्षों के साथ चाय पर संवाद करेंगे।
सुबह लगभग 9:30 बजे एनडीए की बैठक की अध्यक्षता करेंगे।
दोनों उपमुख्यमंत्रियों से अलग-अलग मुलाकात करेंगे।
प्रेरणा स्थल पहुंचकर शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित करेंगे।
शाम को एक बूथ अध्यक्ष के आवास पर पहुंचकर बूथ स्तर की संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा करेंगे।
भाजपा लंबे समय से बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है और इस दौरे को उसी दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
जातीय प्रतिनिधित्व के क्या हैं राजनीतिक मायने?
उत्तर प्रदेश की राजनीति में विभिन्न सामाजिक समूहों की भूमिका हमेशा महत्वपूर्ण रही है। भाजपा द्वारा स्वागत कार्यक्रम में अलग-अलग समाजों को जिम्मेदारी देना राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार सामाजिक प्रतिनिधित्व और व्यापक संपर्क का संदेश देने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
हालांकि पार्टी की ओर से इसे केवल संगठनात्मक स्वागत कार्यक्रम बताया गया है। राजनीतिक महत्व को लेकर भाजपा ने कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है।
उत्तर प्रदेश संगठन के लिए अहम दौरा
भाजपा नेतृत्व का मानना है कि उत्तर प्रदेश संगठन आगामी चुनावों की दृष्टि से सबसे महत्वपूर्ण इकाइयों में से एक है। ऐसे में राष्ट्रीय अध्यक्ष का यह दौरा संगठनात्मक समीक्षा, कार्यकर्ताओं से संवाद और भविष्य की रणनीति तय करने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इस दौरान प्रदेश नेतृत्व, सांसदों, विधायकों, संगठन पदाधिकारियों और एनडीए सहयोगी दलों के साथ होने वाली बैठकों पर राजनीतिक हलकों की भी नजर रहेगी।
(यह समाचार भाजपा के घोषित कार्यक्रम, पार्टी पदाधिकारियों द्वारा साझा की गई जानकारी तथा सार्वजनिक रूप से उपलब्ध आधिकारिक विवरणों के आधार पर तैयार किया गया है।)
news desk MPcg