32 करोड़ के कर्ज से बचने और कंपनी पर कब्जे की साजिश! बिजनेस पार्टनर ने ही GSM Files के MD की हत्या की प्लानिंग का आरोप

32 करोड़ के कर्ज से बचने और कंपनी पर कब्जे की साजिश! बिजनेस पार्टनर ने ही GSM Files के MD की हत्या की प्लानिंग का आरोप

वसई पुलिस का खुलासा- 40 लाख रुपये में दी गई थी सुपारी, सह-अध्यक्ष समेत 7 गिरफ्तार; शेयर बाजार में नुकसान और आर्थिक दबाव बना वजह

महाराष्ट्र के वसई इलाके में उद्योगपति और GSM Files के मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) मोहनसिंह परमार पर हुए जानलेवा हमले की जांच में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस के अनुसार, यह हमला किसी व्यक्तिगत विवाद का नतीजा नहीं बल्कि कथित रूप से कंपनी के अंदर चल रही आर्थिक परेशानियों और नियंत्रण हासिल करने की साजिश का हिस्सा था।

वसई पुलिस ने दावा किया है कि परमार की हत्या की योजना उनके ही बिजनेस पार्टनर और कंपनी के सह-अध्यक्ष सागर भानुशाली ने बनाई थी। पुलिस के मुताबिक, आर्थिक देनदारियों से बचने और कंपनी पर अधिक नियंत्रण हासिल करने के उद्देश्य से यह साजिश रची गई।

इस मामले में पुलिस ने सागर भानुशाली समेत कुल 7 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस साजिश में और कितने लोग शामिल थे।

26 जुलाई को हुआ था जानलेवा हमला

पुलिस के मुताबिक, घटना 26 जुलाई को महाराष्ट्र के वसई स्थित नाइकपाड़ा इलाके में हुई थी।

जानकारी के अनुसार, मोहनसिंह परमार पर बाइक सवार दो हमलावरों ने गोली चलाई थी। हमले में एक गोली उनके कंधे में लगी थी।

हमलावर दूसरी गोली चलाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन कथित तौर पर पिस्तौल जाम हो गई। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।

घटना के बाद परमार को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस के अनुसार, उनकी हालत फिलहाल स्थिर बनी हुई है।

पुलिस का दावा- 32 करोड़ की देनदारी बनी साजिश की वजह

वसई पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आया कि आरोपी सागर भानुशाली पर भारी आर्थिक दबाव था।

पुलिस का दावा है कि—

कंपनी पर करीब 32 करोड़ रुपये की वित्तीय देनदारी थी।
भानुशाली को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा था।
शेयर बाजार में उसे करीब 55 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था।
कई लोगों का कर्ज होने के कारण वह दबाव में था।

पुलिस के मुताबिक, इन्हीं परिस्थितियों के चलते उसने कंपनी के एमडी मोहनसिंह परमार को रास्ते से हटाने की साजिश रची, ताकि कंपनी पर उसका नियंत्रण बढ़ सके और आर्थिक संकट से निकलने का रास्ता मिल सके।

40 लाख रुपये में दी गई थी कथित सुपारी

मामले की जानकारी देते हुए अतिरिक्त पुलिस आयुक्त संजय शिन्त्रे ने बताया कि जांच में सामने आया है कि सागर भानुशाली ने हत्या की साजिश के लिए कथित तौर पर सुपारी दी थी।

पुलिस के अनुसार, हत्या को अंजाम देने के लिए करीब 40 लाख रुपये की रकम तय की गई थी। इसमें से 5 लाख रुपये एडवांस भुगतान के रूप में दिए जाने की बात सामने आई है।

पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि सुपारी लेने वाले आरोपियों का नेटवर्क कितना बड़ा था और घटना से पहले उन्होंने किस तरह तैयारी की थी।

मुख्य आरोपी उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार

वसई पुलिस ने मामले की जांच के लिए विशेष टीम बनाई थी। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी सागर भानुशाली को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया गया।

इसके अलावा अन्य छह आरोपियों को भी अलग-अलग स्थानों से हिरासत में लिया गया है।

पुलिस अब सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है और घटना की पूरी कड़ी जोड़ने की कोशिश कर रही है।

जांच में डिजिटल और फॉरेंसिक सबूतों का सहारा

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच कई स्तरों पर की जा रही है।

जांच में इन पहलुओं को शामिल किया गया है—

डिजिटल रिकॉर्ड की जांच
मोबाइल कॉल डिटेल्स की पड़ताल
वित्तीय लेन-देन की जांच
तकनीकी साक्ष्य जुटाना
वैज्ञानिक और फॉरेंसिक जांच

पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या इस पूरी साजिश में कोई अन्य व्यक्ति या समूह भी शामिल था।

कंपनी विवाद और कारोबारी रिश्तों पर भी जांच

पुलिस के अनुसार, इस मामले में कंपनी के अंदरूनी मामलों और कारोबारी संबंधों की भी जांच की जा रही है।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि—

कंपनी में साझेदारी को लेकर कोई विवाद था या नहीं।
आर्थिक फैसलों को लेकर मतभेद थे या नहीं।
आरोपी ने घटना से पहले किसी अन्य व्यक्ति से संपर्क किया था या नहीं।
पुलिस का कहना- जल्द सामने आएंगे और तथ्य

वसई पुलिस का कहना है कि अभी जांच जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

अधिकारियों के अनुसार, मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के जरिए घटना की पूरी योजना, हमलावरों की भूमिका और अन्य संभावित आरोपियों की जानकारी जुटाई जा रही है।

मुख्य बातें एक नजर में
GSM Files के MD मोहनसिंह परमार पर 26 जुलाई को हुआ था हमला।
वसई के नाइकपाड़ा इलाके में बाइक सवार हमलावरों ने चलाई थी गोली।
एक गोली परमार के कंधे में लगी, हालत स्थिर।
पुलिस ने बिजनेस पार्टनर सागर भानुशाली को मुख्य साजिशकर्ता बताया।
कंपनी पर 32 करोड़ रुपये की देनदारी होने का पुलिस का दावा।
आरोपी पर शेयर बाजार में 55 करोड़ रुपये गंवाने का भी आरोप।
हत्या के लिए 40 लाख रुपये की सुपारी देने की बात सामने आई।
पुलिस ने कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
डिजिटल, वित्तीय और फॉरेंसिक सबूतों के आधार पर जांच जारी।