फ्रांस के जंगलों में दिखा ‘आग उगलता बादलों का ड्रैगन’, पहली बार बना खतरनाक फायर क्लाउड; जानिए कैसे आग खुद बना लेती है अपना मौसम
फ्रांस में लगी भीषण जंगल की आग ने मौसम विज्ञानियों और वैज्ञानिकों को भी हैरान कर दिया है। दक्षिण-पश्चिमी फ्रांस में लगी आग इतनी विकराल हो गई कि उसने अपना खुद का मौसम बनाना शुरू कर दिया। इस दौरान आसमान में एक विशाल फायर क्लाउड (Pyrocumulonimbus) बना, जिसे नासा ने अपनी तस्वीरों में “आग उगलने वाले बादलों का ड्रैगन” जैसा बताया।
यह घटना इसलिए खास मानी जा रही है क्योंकि फ्रांस में पहली बार इतनी बड़ी आग से बना पायरोक्यूम्यलोनिम्बस बादल दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों के मुताबिक, यह केवल धुएं का गुबार नहीं होता, बल्कि एक ऐसा खतरनाक तूफानी बादल होता है जो आग को और ज्यादा फैलाने की क्षमता रखता है।
पेरिस से चार गुना बड़े इलाके में फैली आग
फ्रांस के जिरोंड (Gironde) क्षेत्र में लगी जंगल की आग ने हजारों हेक्टेयर क्षेत्र को अपनी चपेट में ले लिया। रिपोर्ट्स के अनुसार, आग से करीब 42 हजार हेक्टेयर से ज्यादा जंगल और जमीन प्रभावित हुई, जो पेरिस शहर के आकार का लगभग चार गुना क्षेत्र है।
भीषण गर्मी, लंबे समय तक सूखा और सूखी वनस्पतियों ने आग को और भड़काने में बड़ी भूमिका निभाई। आग इतनी तेज थी कि बड़ी संख्या में लोगों को अपने घरों, कैंपसाइट और पर्यटन स्थलों को खाली करना पड़ा।
क्या होता है फायर क्लाउड या पायरोक्यूम्यलोनिम्बस?
फायर क्लाउड यानी Pyrocumulonimbus (PyroCb) एक ऐसा विशाल बादल होता है जो जंगल की अत्यधिक गर्मी और धुएं से बनता है।
सामान्य बादल सूर्य की गर्मी और वायुमंडलीय परिस्थितियों से बनते हैं, लेकिन फायर क्लाउड की ऊर्जा सीधे नीचे जल रही आग से आती है।
जब जंगल में भीषण आग लगती है तो:
आग से निकलने वाली गर्म हवा तेजी से ऊपर उठती है।
इसके साथ धुआं, राख और जलवाष्प भी ऊपर जाते हैं।
ऊंचाई पर पहुंचकर यह ठंडी होती है और बादल का रूप लेने लगती है।
अगर आग काफी शक्तिशाली हो तो यह बादल सामान्य सीमा से आगे बढ़कर तूफानी बादल बन जाता है।
यही स्थिति पायरोक्यूम्यलोनिम्बस कहलाती है।
कैसे आग खुद बना लेती है अपना मौसम?
वैज्ञानिकों के मुताबिक, हर जंगल की आग फायर क्लाउड नहीं बनाती। इसके लिए तीन प्रमुख परिस्थितियों का होना जरूरी है:
1. बेहद तेज और तेजी से फैलती आग
आग इतनी शक्तिशाली होनी चाहिए कि वह गर्म हवा के विशाल स्तंभ को हजारों मीटर ऊपर तक पहुंचा सके।
2. अस्थिर वातावरण
ऊपर का वातावरण ऐसा होना चाहिए कि गर्म हवा ऊपर उठती रहे और फैलने के बजाय ऊंचाई पकड़ती जाए।
3. पर्याप्त नमी
आग और आसपास के वातावरण में मौजूद नमी ठंडी होकर संघनित होती है और बादल का निर्माण करती है।
जब ये तीनों स्थितियां एक साथ बनती हैं तो आग खुद एक तूफान जैसी प्रणाली तैयार कर सकती है।
फायर क्लाउड से क्यों बढ़ जाता है खतरा?
फायर क्लाउड केवल देखने में डरावना नहीं होता, बल्कि यह आग बुझाने वाले दलों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है।
आग की दिशा अचानक बदल सकती है
यह बादल आसपास की हवा को तेजी से अपनी ओर खींचता है। इससे तेज हवाएं पैदा होती हैं और आग अचानक अपनी दिशा बदल सकती है।
दमकलकर्मियों के लिए यह स्थिति बेहद खतरनाक होती है क्योंकि कुछ ही मिनटों में आग का फैलाव बदल सकता है।
उड़ते अंगारे नई जगहों पर लगा सकते हैं आग
फायर क्लाउड के अंदर बनने वाली तेज हवाएं जलते हुए पेड़, लकड़ी और अंगारों को कई किलोमीटर दूर तक पहुंचा सकती हैं।
इससे मुख्य आग से दूर नए स्थानों पर भी आग लग सकती है।
बिजली गिरने का खतरा
पायरोक्यूम्यलोनिम्बस बादल सामान्य तूफानी बादलों की तरह बिजली भी पैदा कर सकते हैं। बिजली गिरने से सूखे जंगलों में नई आग शुरू हो सकती है।
बारिश भी नहीं देती राहत
कई बार इस बादल के अंदर बारिश बनती है, लेकिन जमीन तक पहुंचने से पहले ही गर्म हवा के कारण पानी वाष्पित हो जाता है।
इसके बाद बादल के अंदर जमा ठंडी हवा तेजी से नीचे गिरती है, जिससे तेज हवाएं चलती हैं और आग और भड़क सकती है।
यूरोप में बढ़ रहा जंगल की आग का खतरा
फ्रांस की यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब यूरोप लगातार गर्मी और सूखे की समस्या से जूझ रहा है।
वैज्ञानिकों का कहना है कि:
बढ़ता तापमान,
लंबे समय तक सूखा,
सूखी वनस्पतियां,
और बदलता जलवायु पैटर्न
जंगलों को आग के लिए ज्यादा संवेदनशील बना रहे हैं।
फ्रांस के अलावा स्पेन, ग्रीस और तुर्की जैसे यूरोपीय देश भी हाल के वर्षों में भीषण जंगल की आग का सामना कर चुके हैं।
क्या वैज्ञानिक पहले से पहचान सकते हैं फायर क्लाउड?
वैज्ञानिक सैटेलाइट, मौसम रडार और बिजली गिरने की निगरानी करने वाले उपकरणों की मदद से ऐसे बादलों को ट्रैक करने की कोशिश करते हैं।
हालांकि विशेषज्ञों के अनुसार, सामान्य धुएं के गुबार से खतरनाक फायर क्लाउड बनने की प्रक्रिया बहुत तेजी से हो सकती है। कई बार बचाव दलों को पर्याप्त चेतावनी का समय नहीं मिल पाता।
ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका में पहले भी देखी गई ऐसी घटनाएं
फायर क्लाउड की घटनाएं पहले ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका और कनाडा जैसे देशों में देखी जा चुकी हैं।
ऑस्ट्रेलिया में 2009 की ब्लैक सैटरडे आग और 2019-20 के ब्लैक समर के दौरान ऐसे खतरनाक आग-जनित तूफान दर्ज किए गए थे।
अमेरिका के कैलिफोर्निया और ओरेगन में भी बड़े जंगलों की आग के दौरान पायरोक्यूम्यलोनिम्बस बादल बने हैं।
फ्रांस की घटना ने दी बड़ी चेतावनी
वैज्ञानिकों का कहना है कि फ्रांस में बना यह फायर क्लाउड केवल एक प्राकृतिक घटना नहीं है, बल्कि बदलते पर्यावरणीय हालात का संकेत भी है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, एक घटना से किसी बड़े बदलाव का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता, लेकिन बढ़ती गर्मी और सूखे की परिस्थितियां भविष्य में ऐसी घटनाओं की संभावना बढ़ा सकती हैं।
फिलहाल फ्रांस में मौसम में कुछ सुधार के संकेत मिले हैं, लेकिन हजारों अग्निशमन कर्मी और राहत दल अभी भी हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि चरम परिस्थितियों में जंगल की आग केवल फैलती नहीं है, बल्कि वह इतना शक्तिशाली रूप ले सकती है कि अपना खुद का मौसम भी बना सकती है।
news desk MPcg