रेलवे सुरक्षा की कमान RPF के पास ही रहेगी: CISF को सौंपने की खबरों पर लगा विराम, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में दी जानकारी

रेलवे सुरक्षा की कमान RPF के पास ही रहेगी: CISF को सौंपने की खबरों पर लगा विराम, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में दी जानकारी

रेल मंत्री ने साफ किया कि रेलवे सुरक्षा बल (RPF) को हटाकर केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को जिम्मेदारी देने का कोई प्रस्ताव नहीं है। यात्रियों और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा की जिम्मेदारी आगे भी RPF ही संभालेगा।

 भारतीय रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चल रही चर्चाओं और अफवाहों के बीच रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने स्थिति साफ कर दी है। उन्होंने राज्यसभा में स्पष्ट किया कि रेलवे सुरक्षा की जिम्मेदारी रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के पास ही रहेगी और इसे केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को सौंपने का कोई प्रस्ताव सरकार के पास नहीं है।

रेल मंत्री ने राज्यसभा में सांसद रामजी लाल सुमन के सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। इसके बाद रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लग गया है।

RPF ही संभालेगा रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था

रेल मंत्री के जवाब के अनुसार, रेलवे परिसरों, यात्रियों की सुरक्षा और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा का काम वर्तमान व्यवस्था के तहत RPF द्वारा ही किया जाता रहेगा।

रेलवे सुरक्षा बल भारतीय रेलवे का विशेष सुरक्षा संगठन है, जो देशभर के रेलवे स्टेशनों, ट्रेनों और रेलवे संपत्तियों की सुरक्षा के लिए तैनात रहता है। इसके अलावा यात्रियों की सुरक्षा, अपराधों की रोकथाम और रेलवे से जुड़े मामलों में कार्रवाई की जिम्मेदारी भी RPF निभाता है।

CISF को जिम्मेदारी देने की खबरों पर लगा विराम

पिछले कुछ समय से ऐसी खबरें सामने आ रही थीं कि रेलवे सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव किया जा सकता है और RPF की जगह CISF को सुरक्षा की जिम्मेदारी दी जा सकती है। इन चर्चाओं के कारण RPF कर्मचारियों में भी चिंता की स्थिति बनी हुई थी।

अब रेल मंत्री के बयान के बाद साफ हो गया है कि रेलवे सुरक्षा व्यवस्था में ऐसा कोई बदलाव प्रस्तावित नहीं है।

आगरा कैंट घटना के बाद तेज हुई थी चर्चा

रेलवे सुरक्षा को लेकर यह चर्चा जुलाई 2026 में उत्तर मध्य रेलवे के आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर हुई एक घटना के बाद तेज हुई थी।

जानकारी के अनुसार, स्टेशन पर एक रेल कर्मचारी के साथ मारपीट की घटना सामने आई थी। इसके बाद रेलवे सुरक्षा व्यवस्था और RPF जवानों की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठे थे। सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर रेलवे सुरक्षा की जिम्मेदारी CISF को दिए जाने की बातें भी सामने आने लगी थीं।

हालांकि, रेलवे ने इन चर्चाओं को स्पष्ट करते हुए बताया कि सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव का कोई निर्णय नहीं लिया गया है।

शिकायतों पर होती है नियमानुसार कार्रवाई

रेल मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि RPF कर्मियों के खिलाफ मिलने वाली शिकायतों की जांच नियमों के अनुसार की जाती है। यदि जांच में कोई कर्मचारी दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाती है।

आगरा कैंट स्टेशन की घटना के मामले में भी तत्काल कार्रवाई करते हुए चार RPF कर्मियों को निलंबित किया गया था। साथ ही मामले की जांच के लिए संयुक्त जांच समिति का गठन किया गया था।

यात्रियों और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा जारी रहेगी

रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यात्रियों की सुरक्षा रेलवे की प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल है। देशभर में लाखों यात्री रोजाना रेल सेवाओं का इस्तेमाल करते हैं, ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखना महत्वपूर्ण है।

RPF लगातार रेलवे स्टेशनों, ट्रेनों और रेलवे परिसरों में सुरक्षा व्यवस्था संभालता रहेगा। अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा को लेकर समय-समय पर आवश्यक कदम उठाए जाते हैं और भविष्य में भी सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने पर ध्यान दिया जाएगा।

RPF और CISF की भूमिका अलग-अलग

RPF और CISF दोनों ही केंद्रीय सुरक्षा बल हैं, लेकिन दोनों की जिम्मेदारियां अलग-अलग हैं। RPF विशेष रूप से रेलवे की सुरक्षा के लिए बनाया गया बल है, जबकि CISF मुख्य रूप से औद्योगिक इकाइयों, महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों, एयरपोर्ट और सरकारी संस्थानों की सुरक्षा करता है।

रेल मंत्रालय के स्पष्टीकरण के बाद अब यह साफ हो गया है कि रेलवे सुरक्षा की मौजूदा व्यवस्था में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया जा रहा है और RPF ही रेलवे सुरक्षा की मुख्य जिम्मेदारी निभाता रहेगा।