राजौरी में दर्दनाक सड़क हादसा: खंडली ब्रिज के पास अनियंत्रित होकर पलटा यात्री टेंपो, 8 लोग घायल; बच्चों और महिलाओं समेत सभी अस्पताल में भर्ती
राजौरी के चप्परियां इलाके में हुआ बड़ा हादसा, राहत-बचाव के लिए दौड़े स्थानीय लोग
जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में गुरुवार को एक गंभीर सड़क हादसा सामने आया। जिले के चप्परियां क्षेत्र में खंडली ब्रिज और जवाहर नगर के बीच एक यात्री टेंपो अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया। हादसे में वाहन में सवार आठ लोग घायल हो गए। घायलों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल हैं। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस व प्रशासन को सूचना दी।
सूचना मिलते ही राजौरी पुलिस, स्वास्थ्य विभाग की एंबुलेंस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों के सहयोग से वाहन में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला गया और तत्काल गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज (GMC) एवं एसोसिएटेड अस्पताल, राजौरी भेजा गया, जहां सभी का उपचार जारी है।
अचानक बिगड़ा वाहन पर नियंत्रण, सड़क पर पलट गया टेंपो
पुलिस के अनुसार दुर्घटनाग्रस्त टेंपो का रजिस्ट्रेशन नंबर JK02DB-9194 है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वाहन अपने नियमित मार्ग पर चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, खंडली ब्रिज के पास पहुंचते ही चालक अचानक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। देखते ही देखते टेंपो सड़क पर पलट गया और उसमें बैठे यात्रियों में चीख-पुकार मच गई।
हादसे के तुरंत बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। कई लोगों ने मिलकर टेंपो को सहारा दिया और अंदर फंसे यात्रियों को बाहर निकालने का प्रयास किया। कुछ घायलों को गंभीर चोटें आईं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल रेफर किया गया।
पुलिस और स्थानीय लोगों ने मिलकर चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन
दुर्घटना की सूचना मिलते ही राजौरी पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने स्थानीय ग्रामीणों के साथ मिलकर राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया।
टेंपो पलट जाने के कारण कई यात्री अंदर फंस गए थे। पुलिस और स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद एंबुलेंस के जरिए सभी घायलों को GMC राजौरी पहुंचाया गया।
अस्पताल प्रशासन ने बताया कि सभी घायलों का इलाज जारी है। कुछ लोगों को सिर, हाथ और पैरों में गंभीर चोटें आई हैं, जबकि अन्य को सामान्य चोटें लगी हैं। फिलहाल सभी मरीज डॉक्टरों की निगरानी में हैं।
एक ही गांव के रहने वाले हैं सभी घायल
पुलिस ने बताया कि दुर्घटना में घायल सभी लोग जामुला गांव के निवासी हैं। हादसे में घायल लोगों की पहचान इस प्रकार हुई है—
रुबीना कौसर (22), पुत्री मोहम्मद आसिफ
वैद्य परेश (70), पुत्र नेता राम
पूजा देवी (28), पुत्री तिलक राज
निशु शर्मा (12), पुत्री फलाल कुमार
मिस्बा कौसर (6), पुत्री बरशित हुसैन
अभिलिश शर्मा (13), पुत्र फलाल कुमार
अशोक कुमार (43), पुत्र वेद प्रकाश
मोहम्मद आरिफ (26), पुत्र अब्दुल अजीज
घायलों में छह वर्षीय मासूम बच्ची, दो स्कूली बच्चे, महिलाएं और एक बुजुर्ग शामिल हैं। जैसे ही हादसे की सूचना गांव पहुंची, परिजनों में चिंता का माहौल बन गया। बड़ी संख्या में लोग अस्पताल पहुंचकर अपने परिजनों की जानकारी लेने लगे।
बच्चों के घायल होने से गांव में पसरा मातम जैसा माहौल
हादसे में 6 वर्षीय मिस्बा कौसर, 12 वर्षीय निशु शर्मा और 13 वर्षीय अभिलिश शर्मा के घायल होने की खबर से पूरे इलाके में चिंता फैल गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि सभी लोग सामान्य यात्रा पर निकले थे, लेकिन अचानक हुई दुर्घटना ने पूरे गांव को झकझोर दिया।
गांव के लोगों ने अस्पताल पहुंचकर घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। प्रशासन भी लगातार अस्पताल से मरीजों की स्थिति की जानकारी ले रहा है।
हादसे की वजह क्या थी? जांच में जुटी पुलिस
राजौरी पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार फिलहाल दुर्घटना के पीछे किसी एक कारण की पुष्टि नहीं हुई है।
जांच में निम्न संभावनाओं पर ध्यान दिया जा रहा है—
वाहन की तेज रफ्तार
चालक का वाहन पर नियंत्रण खोना
ब्रेक या स्टीयरिंग जैसी तकनीकी खराबी
सड़क की स्थिति
मानवीय त्रुटि
पुलिस वाहन की मैकेनिकल जांच भी कराएगी ताकि दुर्घटना की वास्तविक वजह सामने आ सके।
अस्पताल प्रशासन ने शुरू किया तत्काल उपचार
गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज राजौरी में घायलों को पहुंचते ही चिकित्सकों की टीम ने उनका इलाज शुरू कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार अधिकांश मरीजों को शरीर के विभिन्न हिस्सों में चोटें आई हैं।
कुछ घायलों की हालत अपेक्षाकृत गंभीर बताई जा रही है, हालांकि अस्पताल प्रशासन ने कहा है कि सभी मरीजों की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।
पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क हादसे बने चुनौती
राजौरी सहित जम्मू-कश्मीर के पर्वतीय क्षेत्रों में सड़क दुर्घटनाएं लगातार चिंता का विषय बनी हुई हैं। संकरी सड़कें, तीखे मोड़, ढलान, बरसात के मौसम में फिसलन और कई बार तेज गति दुर्घटनाओं की बड़ी वजह बनती हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि सार्वजनिक परिवहन वाहनों की नियमित फिटनेस जांच, चालक प्रशिक्षण, ओवरलोडिंग पर नियंत्रण और सड़क सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन ऐसे हादसों को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
प्रशासन ने जारी की अपील
हादसे के बाद जिला प्रशासन ने वाहन चालकों और यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा के दौरान यातायात नियमों का पालन करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही से बचें।
प्रशासन ने कहा कि विशेष रूप से पहाड़ी इलाकों में वाहन चलाते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करना, वाहन की तकनीकी स्थिति की नियमित जांच कराना और मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए यात्रा करना बेहद आवश्यक है।
फिलहाल क्या है स्थिति?
फिलहाल सभी आठ घायलों का इलाज GMC राजौरी में जारी है। पुलिस ने दुर्घटना का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच की जाएगी और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय प्रशासन लगातार अस्पताल और पुलिस से स्थिति की निगरानी कर रहा है ताकि घायलों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
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