इंदौर से भोपाल तक कांग्रेस की साइक्लोथॉन: पेपर लीक और बेरोजगारी के खिलाफ सड़क पर उतरे जीतू पटवारी, बोले- 'मगरमच्छ की मोटी चमड़ी वाली है मोदी सरकार'
मध्य प्रदेश में परीक्षा में कथित अनियमितताओं, पेपर लीक और बढ़ती बेरोजगारी को लेकर कांग्रेस ने मंगलवार को बड़ा जनआंदोलन शुरू किया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत इंदौर से भोपाल तक लगभग 200 किलोमीटर लंबी साइक्लोथॉन की शुरुआत की। दो दिन तक चलने वाली इस यात्रा का उद्देश्य छात्रों और युवाओं के मुद्दों को प्रमुखता से उठाना तथा राज्य और केंद्र सरकार को इन विषयों पर घेरना है।
यात्रा की शुरुआत सुबह करीब 9 बजे इंदौर के आरएनटी (रवींद्रनाथ टैगोर) मार्ग से हुई। पहले दिन यह देवास होते हुए सीहोर जिले के आष्टा पहुंचेगी, जबकि दूसरे दिन कोठरी से दोबारा शुरू होकर भोपाल पहुंचेगी। कांग्रेस का दावा है कि रास्ते में इंदौर, देवास, सीहोर और भोपाल जिलों से हजारों कार्यकर्ता और युवा इस अभियान से जुड़ेंगे।
पेपर लीक और छात्रों के भविष्य का मुद्दा बना आंदोलन का केंद्र
कांग्रेस ने इस साइक्लोथॉन को नीट-यूजी, सीबीएसई परीक्षा में कथित गड़बड़ियों, पेपर लीक और युवाओं में बढ़ती बेरोजगारी के खिलाफ जनजागरण अभियान बताया है। पार्टी का कहना है कि लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों ने लाखों छात्रों के भविष्य को प्रभावित किया है और सरकार इन घटनाओं पर प्रभावी कार्रवाई करने में विफल रही है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि राहुल गांधी ने देशभर में छात्रों की आवाज उठाने का अभियान शुरू किया है और उसी के समर्थन में मध्य प्रदेश कांग्रेस यह यात्रा निकाल रही है।
देवास में केंद्र सरकार पर साधा निशाना
देवास पहुंचने पर मीडिया से बातचीत में जीतू पटवारी ने केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि हर पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।
पटवारी ने आरोप लगाया कि पेपर लीक की घटनाओं के पीछे लगातार भाजपा से जुड़े लोगों के नाम सामने आते हैं। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफे की मांग भी की।
'मगरमच्छ की मोटी चमड़ी वाली सरकार'
अपने संबोधन के दौरान जीतू पटवारी ने कहा,
"यह मगरमच्छ की मोटी चमड़ी वाली सरकार है। शायद हमारी आवाज का असर सरकार पर न पड़े, लेकिन जनता जरूर सब देख रही है। जनता बदलाव लाएगी और हमारी लड़ाई छात्रों और युवाओं के हित में लगातार जारी रहेगी।"
यह बयान यात्रा के दौरान सबसे अधिक चर्चा में रहा और राजनीतिक गलियारों में भी इसे लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं।
हजारों साइकिल यात्रियों के शामिल होने का दावा
कांग्रेस के अनुसार इंदौर से भोपाल तक पड़ने वाले प्रत्येक जिले से लगभग 500 साइकिल यात्री इस अभियान में शामिल होंगे। पार्टी का दावा है कि भोपाल पहुंचते-पहुंचते करीब 2,000 से अधिक साइकिल सवार इस यात्रा का हिस्सा बनेंगे।
यात्रा के पहले दिन देवास होते हुए सीहोर जिले के आष्टा स्थित गोकुलधाम मैरिज गार्डन में रात्रि विश्राम होगा। इसके बाद 15 जुलाई को सुबह कोठरी से यात्रा फिर शुरू होकर भोपाल पहुंचेगी।
रास्ते भर हुआ स्वागत
यात्रा के दौरान कई स्थानों पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने जीतू पटवारी का फूल-मालाओं से स्वागत किया। मांगलिया चौराहा, रीगल चौराहा और क्षिप्रा क्षेत्र सहित कई स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा कर साइक्लोथॉन का स्वागत किया। कुछ स्थानों पर जेसीबी मशीनों से भी फूल बरसाए गए।
ट्रक पर बढ़ी भीड़, नेताओं ने संभाली व्यवस्था
साइक्लोथॉन शुरू होने से पहले जीतू पटवारी और अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेता एक ट्रक पर सवार हुए। इस दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ता भी ट्रक पर चढ़ गए, जिससे भीड़ काफी बढ़ गई। स्थिति को देखते हुए कांग्रेस नेता चिंटू चौकसे ने कार्यकर्ताओं से ट्रक से नीचे उतरने की अपील की। उन्होंने कहा कि अधिक भार से वाहन को नुकसान हो सकता है, जिसके बाद कई कार्यकर्ता नीचे उतर गए।
कुपोषण का मुद्दा भी उठाया
यात्रा में कांग्रेस नेताओं ने केवल पेपर लीक और बेरोजगारी ही नहीं, बल्कि कुपोषण का मुद्दा भी उठाया। कार्यवाहक जिलाध्यक्ष विवेक खंडेलवाल और ब्लॉक अध्यक्ष गिरीश जोशी बच्चों की प्रतीकात्मक गाड़ी के साथ साइकिल यात्रा में शामिल हुए। उनका कहना था कि प्रदेश में कुपोषण अब भी गंभीर समस्या बनी हुई है और सरकार को इस दिशा में प्रभावी कदम उठाने चाहिए।
स्पेयर साइकिल भी साथ चली
पूरी यात्रा के दौरान जीतू पटवारी के काफिले के साथ उनकी फॉर्च्यूनर गाड़ी में एक अतिरिक्त साइकिल भी रखी गई है। कांग्रेस नेताओं के अनुसार यदि मुख्य साइकिल में किसी प्रकार की तकनीकी खराबी आती है तो यात्रा बिना रुके जारी रखने के लिए स्पेयर साइकिल का उपयोग किया जाएगा।
कांग्रेस नेताओं ने भी सरकार को घेरा
यात्रा में पूर्व मंत्री सचिन यादव और वरिष्ठ कांग्रेस नेता सज्जन वर्मा सहित कई नेता शामिल हुए।
सचिन यादव ने कहा कि भोपाल पहुंचने के बाद कांग्रेस मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेगी और छात्रों के मुद्दे सरकार के सामने मजबूती से रखेगी।
वहीं सज्जन वर्मा ने आरोप लगाया कि लगातार पेपर लीक की घटनाओं के बावजूद केंद्र और राज्य सरकार गंभीर कार्रवाई नहीं कर रही हैं।
राजनीतिक महत्व भी माना जा रहा
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस इस साइक्लोथॉन के जरिए युवाओं, छात्रों और बेरोजगार वर्ग के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। हाल के वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और भर्ती प्रक्रियाओं में देरी जैसे मुद्दे लगातार चर्चा में रहे हैं। ऐसे में कांग्रेस इन मुद्दों को राजनीतिक अभियान के केंद्र में रखकर सरकार को घेरने की रणनीति पर काम कर रही है।
वहीं, भाजपा की ओर से इस अभियान पर आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।
news desk MPcg