ट्रम्प बोले- जरूरत पड़ी तो ईरान पर फिर कर सकते हैं हमला, कहा- बातचीत से बचाई जा सकती हैं जानें
अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बड़ा बयान दिया है। ट्रम्प ने कहा है कि अगर जरूरत पड़ी तो अमेरिका ईरान पर दोबारा हमला कर सकता है, लेकिन वह सैन्य कार्रवाई के बजाय बातचीत के जरिए समाधान निकालना चाहते हैं।
एयर फोर्स वन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका के पास कभी भी कार्रवाई करने की क्षमता है, लेकिन वह लोगों की जान नहीं लेना चाहते। उन्होंने कहा कि अगर कोई समझौता हो जाता है तो इससे कई लोगों की जान बचाई जा सकती है।
ट्रम्प ने बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच सोमवार से मध्यस्थों के जरिए अप्रत्यक्ष बातचीत शुरू होगी। इस बातचीत में होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा और ईरान के परमाणु कार्यक्रम जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। हालांकि, वार्ता की जगह और इसमें शामिल प्रतिनिधियों की जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
इस बीच ईरान ने भी चेतावनी दी है कि अगर अमेरिका की ओर से हमला किया गया तो वह जवाबी कार्रवाई करेगा। ईरानी सांसद इब्राहिम रेजाई ने कहा कि ईरान खाड़ी क्षेत्र के अलावा दुनिया में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बना सकता है।
वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प और सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के बीच पश्चिम एशिया के हालात को लेकर बातचीत हुई। दोनों नेताओं ने तनाव कम करने और कूटनीतिक समाधान पर जोर दिया।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने भी होर्मुज स्ट्रेट को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि वैश्विक तेल और गैस सप्लाई के लिए दुनिया को इस समुद्री मार्ग पर पूरी तरह निर्भर नहीं रहना चाहिए और वैकल्पिक रास्तों पर काम करना होगा।
news desk MPcg