दिल्ली मेट्रो और नमो भारत में किस टेलीकॉम कंपनी का नेटवर्क सबसे कमजोर? TRAI की रिपोर्ट में सामने आई हकीकत
नई दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर की मेट्रो और नमो भारत रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) में सफर करने वाले लाखों यात्रियों को अक्सर कॉल ड्रॉप, कमजोर सिग्नल और धीमी इंटरनेट स्पीड जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। अब भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) की हालिया ड्राइव टेस्ट रिपोर्ट ने इन शिकायतों की पुष्टि करते हुए विभिन्न टेलीकॉम कंपनियों के नेटवर्क प्रदर्शन की तस्वीर सामने रखी है।
TRAI ने दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में संचालित दिल्ली मेट्रो और नमो भारत RRTS के कुल 15 कॉरिडोर, लगभग 490 किलोमीटर मार्ग और दर्जनों स्टेशनों पर नेटवर्क गुणवत्ता का आकलन करने के लिए विस्तृत ड्राइव टेस्ट किया। इस परीक्षण में कॉल कनेक्टिविटी, कॉल ड्रॉप, वॉइस क्वालिटी, डेटा डाउनलोड स्पीड, अपलोड स्पीड और नेटवर्क उपलब्धता जैसे कई तकनीकी मानकों की जांच की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, सरकारी टेलीकॉम कंपनी MTNL का प्रदर्शन सबसे कमजोर पाया गया। कई स्थानों पर नेटवर्क उपलब्धता सीमित रही, जबकि कॉल कनेक्ट होने और डेटा सेवाओं के उपयोग में भी यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। विशेष रूप से भूमिगत मेट्रो स्टेशनों और सुरंग वाले हिस्सों में MTNL की सेवाएं अन्य कंपनियों की तुलना में काफी कमजोर दर्ज की गईं।
वहीं Jio ने डाउनलोड स्पीड के मामले में सबसे बेहतर प्रदर्शन किया। कई कॉरिडोर पर इसकी औसत डेटा स्पीड अन्य ऑपरेटरों से बेहतर रही, जिससे वीडियो स्ट्रीमिंग, सोशल मीडिया, ऑनलाइन पेमेंट और अन्य इंटरनेट सेवाओं का अनुभव अपेक्षाकृत बेहतर पाया गया। अन्य निजी टेलीकॉम कंपनियों का प्रदर्शन अलग-अलग रूटों पर भिन्न रहा, लेकिन कई स्थानों पर नेटवर्क कवरेज और स्पीड में सुधार की जरूरत महसूस की गई।
TRAI की रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि व्यस्त स्टेशनों, इंटरचेंज पॉइंट्स और भूमिगत सेक्शनों में नेटवर्क कवरेज की गुणवत्ता समान नहीं है। कई यात्रियों को यात्रा के दौरान इंटरनेट रुकने, वीडियो कॉल टूटने और ऑनलाइन सेवाओं के बाधित होने जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
रिपोर्ट जारी करते हुए TRAI ने सभी टेलीकॉम सेवा प्रदाताओं से मेट्रो और RRTS कॉरिडोर में अतिरिक्त नेटवर्क उपकरण लगाने, इन-बिल्डिंग सॉल्यूशन (IBS) मजबूत करने, कवरेज बढ़ाने, कॉल ड्रॉप कम करने और डेटा स्पीड में सुधार करने की आवश्यकता पर जोर दिया है। नियामक का कहना है कि बढ़ती डिजिटल निर्भरता और सार्वजनिक परिवहन का तेजी से विस्तार देखते हुए यात्रियों को निर्बाध मोबाइल कनेक्टिविटी उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है।
दिल्ली मेट्रो और नमो भारत नेटवर्क का उपयोग प्रतिदिन लाखों लोग करते हैं। ऐसे में मोबाइल नेटवर्क की गुणवत्ता केवल संचार तक सीमित नहीं है, बल्कि ऑनलाइन टिकटिंग, यूपीआई भुगतान, डिजिटल कार्य और आपातकालीन संपर्क जैसी सेवाओं के लिए भी महत्वपूर्ण हो गई है। TRAI की यह रिपोर्ट टेलीकॉम कंपनियों के लिए नेटवर्क इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण संकेत मानी जा रही है।
news desk MPcg