52 किलो सोना केस में सौरभ शर्मा को जमानत, हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत

52 किलो सोना केस में सौरभ शर्मा को जमानत, हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत

लोकायुक्त की कार्रवाई के बाद सामने आया था मामला

दरअसल, लोकायुक्त पुलिस की कार्रवाई के बाद सौरभ शर्मा से जुड़े ठिकानों पर जांच शुरू हुई थी। तलाशी के दौरान भारी मात्रा में संपत्ति, नकदी और अन्य दस्तावेज सामने आने की बात कही गई थी। इसके बाद भोपाल के मेंडोरी इलाके में एक कार से 52 किलो सोना और करीब 11 करोड़ रुपये नकद मिलने का मामला सामने आया था। इस कार्रवाई के बाद यह मामला प्रदेशभर में चर्चा का विषय बन गया था।

आय से अधिक संपत्ति के मामले में हुई कार्रवाई

सौरभ शर्मा मध्य प्रदेश परिवहन विभाग में पूर्व आरक्षक रह चुके हैं। जांच एजेंसियों ने उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति और कथित अवैध धन से जुड़े मामलों में कार्रवाई की थी। इस मामले में कई स्तरों पर जांच की गई और लंबे समय तक कानूनी प्रक्रिया चलती रही।

हाईकोर्ट ने इन आधारों पर दी जमानत

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए माना कि मामले की जांच पूरी हो चुकी है और आरोप तय किए जा चुके हैं। इसके अलावा आरोपी करीब 18 महीने से न्यायिक हिरासत में है और संबंधित धाराओं में अधिकतम सजा सात साल तक का प्रावधान है। इन्हीं आधारों पर कोर्ट ने जमानत मंजूर की।

जमानत के साथ रखी गईं शर्तें

कोर्ट ने सौरभ शर्मा की रिहाई के लिए कुछ शर्तें तय की हैं। उन्हें ₹10 लाख के निजी मुचलके के साथ इतनी ही राशि की स्थानीय जमानत देनी होगी। इसके अलावा ट्रायल के दौरान हर सुनवाई में अदालत के सामने पेश होना होगा और बिना अनुमति देश छोड़ने पर रोक रहेगी।

पहले भी खारिज हो चुकी थी जमानत याचिका

बता दें कि सौरभ शर्मा इससे पहले भी जमानत के लिए अदालत का दरवाजा खटखटा चुके थे। उनकी कई याचिकाएं पहले खारिज हो चुकी थीं। अब हाईकोर्ट से राहत मिलने के बाद जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूरी होने पर उनकी जेल से रिहाई का रास्ता साफ हो गया है।